
प्रयागराज (अनुराग दर्शन समाचार )। प्रयागराज में साधु संतों द्वारा 5 अगस्त की तैयारियां शुरू कर दी है वहि पांच अगस्त को अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के लिए भूमि पूजन होगा तो प्रयागराज के मठों और मंदिरों में भए प्रकट कृपाला दीन दयाला कौसल्या हितकारी का पाठ होगा। भगवान राम के नाम पर घी के दीप जलेंगे और दिनभर पूजन अर्चन होगा। कोरोना काल में भूमि पूजन समारोह में न पहुंच पाने के कारण साधु संत मायूस हैं लेकिन लंबे समय बाद मंदिर निर्माण की प्रक्रिया शुरू होने के कारण अपनी श्रद्धा जरूर दिखाएंगे।
अखाड़ा परिषद के महामंत्री और जूना अखाड़े के संरक्षक महंत हरिगिरि ने कहा कि भगवान राम का काम उनकी इच्छा के अनुसार ही होता है। इतने लंबे समय बाद जब ये शुभ घड़ी आई है तो कोरोना काल चल रहा है। अयोध्या में भूमि पूजन के दिन करोड़ों श्रद्धालु पहुंचते। लेकिन भगवान की इच्छा है कि वहां पर करोड़ों लोग न पहुंचकर 50 लोग पहुंचे तो यही सही।
उन्होंने सभी अखाड़ों के साधु संतों और सभी मठों व मंदिर के साधु संतों से अपने मंदिरों में रहकर उस दिन भए प्रकट कृपाला दीन दयाला कौसल्या हितकारी भजन का पाठ करने के लिए कहा है।
अखाड़ों में पांच अगस्त को सबसे पहले हनुमानजी का पूजन अर्चन किया जाएगा। साथ ही भगवान राम के नाम पर दीप जलाए जाएंगे।
हरिगिर ने कहा कि जो लाखों करोड़ों श्रद्धालु भूमि पूजन कार्यक्रम में जाने की इच्छा रखते हैं। उनका प्रतिनिधित्व प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी करेंगे।
बड़े हनुमान मंदिर के छोटे महंत स्वामी आनंद गिरि ने भी कहा कि इस काल को देखते हुए प्रयागराज में रहकर ही विशेष पूजन अर्चन करेंगे। हनुमान जी और भगवान राम की कृपया से मंदिर निर्माण की प्रक्रिया शुरू होने जा रही है। जो विश्व में एक अलग आकार लेगा।