
कोरोना संक्रमण मे पत्रकार व सूचना से जुड़े लोगों को भी आर्थिक सहायता मिले ।
प्रयागराज (अनुराग दर्शन समाचार) । समाजवादी पार्टी पूर्व प्रदेश प्रवक्ता विनय कुशवाहा ने मीडिया प्रेमी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मांग किया है कि लोकतंत्र के चौथे स्तंभ मीडिया को भी सरकार का संरक्षण प्राप्त हो नहीं तो विश्व का सबसे बड़ा लोकतंत्र डगमगा जायेगा ।उन्होंने कहा कि जिस तरह से न्यायपालिका, कार्यपालिका, विधायिका को आर्थिक और सरकारी संरक्षण प्राप्त है उसी तरह मीडिया को भी मिलना चाहिए क्योंकि वह लोकतंत्र का चौथा स्तंभ हैं जिसको मजबूत करना अति आवश्यक हैं।
उन्होंने कहा कि भारत में 99% मीडिया कर्मी प्राईवेट सेक्टर में बहुत ही कम सैलरी पर काम करते हैं जिनकी आर्थिक स्थिति इस मंहगाई के दौर मे बहुत खराब है ऐसे मे भी इस कोरोना महामारी में जहाँ लोग अपने घरों से निकलने से बचते हैं वहीं ये मीडिया कर्मी अपनी जान जोखिम में डाल कर घर में बैठे लोगों तक सूचनाएं पहुचाने कार्य करते हैं जिसमें लोगों को घर बैठे देश विदेश की जानकारी मिलती हैं ।जिसमें अखबार के रिपोर्टर, डेस्क, मशीनमैन व हाकर ने अपनी अपनी भूमिका ईमानदारी से निभाई पर सरकार अपनी भूमिका नहीं निभा पाईं इन सब के साथ ।
उन्होंने कहा कि कोरोना महामारी मे कितने मीडिया कर्मी ने जान गवाई और बहुत बड़ी तादात में संक्रमित हैं जिन्हें कोई आर्थिक सहायता नहीं मिल रही हैं।
उन्होंने कहा कि पत्रकार आम जनता के हक की आवाज बनता हैं पर उसकी आवाज सुनने वाला कोई नहीं है यह इस देश कि विडम्बना हैं।
सपा प्रवक्ता ने कहा कि इसी तरह केबल टीवी ,इन्टरनेट से जुड़े कर्मचारियों को भी सरकार ने कोई आर्थिक मदद नहीं किया जबकि लाकडाउन मे लोगों को घरों तक सीमित रखने में इनका सराहनीय कार्य था घर तक मनोरंजन और न्यूज पहुचाये अपनी जान की परवाह किए बिना और आज भी प्रधानमंत्री जी का ‘मन की बात’ चाईना प्रकरण या राममंदिर पूजन का सजीव चित्रण घर बैठे लोगों ने इन मीडिया कर्मी व केबल ऑपरेटर के द्वारा देखा पर प्रधानमंत्री जी इन लोगों की तरफ ध्यान ही नहीं दे रहे हैं।जो उनकी ख्याति मे चार चांद लगा रहे हैं।