
बेरोजगारी के मुद्दे समेत अन्य मांगों को लेकर हुए प्रदर्शन के दौरान जमकर हंगामा हुआ। बालसन चौराहे पर जुटे प्रदर्शनकारियों की पुलिस से झड़प हो गई। भीड़ में शामिल कुछ लोगों ने पथराव किया जिसके बाद पुलिस की ओर से भी लाठीचार्ज किया गया। इससे वहां भगदड़ मच गई। पुलिस ने मौके से 15 लोगों को हिरासत में ले लिया। अफसरों ने बताया कि मामले में 15 नामजद व 250-300 अज्ञात प्रदर्शनकारियों पर रिर्पोर्ट लिखी जा रही है।
बालसन चौराहे पर युवा मंचके बैनर तले बड़ी संख्या में सुबह 11 बजे से ही युवाओं का जुटना शुरू हो गया था। दोपहर एक बजते-बजते यहां 500-600 प्रदर्शनकारी पहुंच चुके थे। सभी सरकार केख्खिलाफ नारेबाजी कर रहे थे। उनकी मांग थी कि पांच साल तक संविदा पर नियुक्ति के प्रस्ताव की खबरों पर सरकार स्थित स्पष्ट करे। साथ ही अगर इनमें सच्चाई है तो मुख्यमंत्री स्वयं इसे वापस लेने का एलान करें। इसके अलावा लंबित भर्तियों को पूरा करने व नई भर्तियां निकालने की भी मांग युवा कर रहे थे।
बड़ी संख्या में जमावड़े की खबर मिलने के साथ ही पूरा इलाका छावनी में तब्दील कर दिया गया था। एसपी सिटी कई थानों की फोर्स लेकर मौके पर पहुंच गए। कुछ देर बाद एडीएम सिटी अशोक कनौजिया भी आ गए। प्रदर्शनकारियों की बात सुनने के बाद एडीएम सिटी ने उनसे ज्ञापन प्राप्त किया। इसके बाद सभी को वापस जाने को कहा गया। बात यहीं से बिगडनी शुरू हुई। ज्ञापन देने के बाद बड़ी संख्या में प्रदर्शनकारी तो लौट गए लेकिन 100-150 युवाओं का समूह पार्क में ही जुटा रहा।
पुलिस व प्रशासनिक अफसरों का कहना था कि ज्ञापन देने के बाद वहां रुकने का कोई औचित्य नहीं है लेकिन प्रदर्शनकारी मानने को तैयार नहीं हुए। जिसके बाद पुलिस ने उन्हें जबरन हटाना शुरू किया। जिसे लेकर नोकझोंक होने लगी। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को जबरन पार्क से हटाकर वापस भेजना शुरू ही किया था कि पूर्व सांसद के आवास के सामने पहुंचकर कुछ लोगों ने पथराव शुरू कर दिया। जिसके बाद पुलिस ने भी लाठीचार्ज कर दिया।
इस दौरान जो पकड़ में आया,ख्उसे जमकर पीटा गया। कुछ लोग चोटिल भी हुए। लाठीचार्ज के बाद अन्य तो भाग निकले लेकिन मौके से 15 लोग हिरासत में ले लिए गए। जिसके बाद उन्हें थाने लाया गया। देर शात तक मामले में एफआईआर नहीं दर्ज हो सकी थी।
ज्ञापन देने के बाद जाने को कहा गया जिस पर प्रदर्शनकारियों ने पुलिस पर ईट-पत्थर से हमला शुरू कर दिया। मौके से 15 लोगों को हिरासत में लिया गया है। इन्हें नामजद करते हुए 250-300 अज्ञात के खिलाफ भी रिपोर्ट दर्ज की जा रही है। -दिनेश कुमार सिंह, एसपी सिटी
रोडवेज बस पर पथराव, अज्ञात में मुकदमा
बालसन चौराहे पर प्रदर्शन के दौरान हुए हंगामे के बाद लल्लाचुंगी चौराहे पर रोडवेज बस पर भी कुछ लोगों ने पत्थर फेंके। लाठीचार्ज के बाद भगदड़ मचने पर कुछ प्रदर्शनकारी पार्वती अस्पताल व जार्जटाउन थाने वाली सडक़ पर भागे तो कई आनंद भवन की ओर भागने लगे। जिसके बाद पुलिस की टीमें उनकी पीछे दौड़ीं। पीछा करते हुए पुलिसकर्मियों ने प्रदर्शनकारियों को काफी दूर तक खदेडक़र लौटने लगी तभी लल्ला चुंगी से गुजर रही एक रोडवेज बस पर पत्थर फेंके गए। गनीमत रही कि इसमें कोई हताहत नहीं हुआ। पुलिस अफसरों ने बताया कि अज्ञात में मुकदमा दर्ज कर सीसीटीवी फुटेज से हमलावरों की पहचान की कोशिश की जा रही है।
प्रदर्शनकारियों पर कर्नलगंज में लिखे गए तीन मुकदमे
बेरोजगारी समेत अन्य मुद्दों पर बालसन के साथ ही तमाम डेलीगेसी में भी प्रदर्शन हुए। जिसमें पुलिस की ओर से महामारी एक्ट व धारा 144 के उल्लंघन समेत अन्य आरोपों में केस दर्ज किए गए हैं। इलाहाबाद विश्वविद्यालय के यूनियन हाल, ईश्वर शरण चौकी क्षेत्र व छोटा बघाड़ा में हुए प्रदर्शन के मामले में कर्नलगंज पुलिस ने तीन मुकदमे दर्ज किए हैं। इनमें आठ नामजद व कई अज्ञात पर रिपोर्ट दर्ज की गई है। इंस्पेक्टर ने बताया कि इनकी तलाश की जा रही है।