इविवि: पीएचडी इंक्रीमेंट मामले में बिफरे कॉलेज शिक्षक
( अनुराग शुक्ला )
प्रयागराज (अनुराग दर्शन समाचार)। ऑक्टा (इलाहाबाद विश्वविद्यालय कॉलेज टीचर्स एसोसिएशन) की बैठक में इविवि लीगल सेल के इंचार्ज डॉ. राजीव सिंह की ओर से एक शिक्षक के मामले में अनावश्यक कागजात मांगने की एकमत से आलोचना की गई। नए शिक्षकों के पीएचडी इंक्रीमेंट के निर्धारण के लिए प्रो. रामेंद्र सिंह द्वारा मांगे गए कागजों को अनावश्यक बताते हुए सदस्यों ने एकमत से इसका विरोध किया। कहा कि ऐसा कोई भी कागजात विश्वविद्यालय अधिकारियों को उपलब्ध नहीं कराया जाएगा।
आक्टा महासचिव डॉ. उमेश प्रताप सिंह ने कहा कि डीन सीडीसी प्रो. प्रशांत अग्रवाल ने आश्वासन दिया है कि इस संदर्भ में कुलपति से वार्ता हुई है और इस मुद्दे को बहुत जल्द हल कर लिया जाएगा। जिन शिक्षकों का पीएचडी इंक्रीमेंट निर्धारण नहीं हुआ है उसकी सूची मांगी जाएगी। ऑक्टा का एक प्रतिनिधिमंडल कुलपति से मिलकर विरोध जताएगा।
ईसीसी के राजनीति शास्त्र विभाग के 4 छात्रों के पीएचडी में प्रवेश न होने के मुद्दे को भी उठाया। इस अवसर पर आक्टा पदाधिकारियों के लिए होने वाले चुनाव पर भी विस्तार से चर्चा हुई। इस अवसर पर डॉ. धीरज चौधरी, डॉ. रणधीर सिंह, डॉ. अरविंद मिश्र, डॉ. ज्ञान प्रकाश, डॉ. अमित पांडेय, डॉ. विमला गुप्ता, डॉ. नरेंद्र सिंह, डॉ. रंजना त्रिपाठी, डॉ. सरिता श्रीवास्तव, डॉ. प्रणय कांत, डॉ. दर्शन कुमार झा मौजूद रहे।