( अनंत पांडे ) प्रयागराज (अनुराग दर्शन समाचार)। कोरोना वैक्सीनेशन सेंटर बनाने के लिए शासन की ओर से गाइडलाइन तय की गई है। वैक्सीनेशन तीन फेज में किया जाएगा। वैक्सीनेशन सेंटर के लिए तीन कमरों का होना अति आवश्यक है।
थमर्ल स्कैनिंग के बाद सेंटर में प्रवेश, होंगे तीन कमरे
इसी के अनुरूप स्वास्थ्य विभाग सेंटर बनाने में जरूरी पहलुओं को ध्यान में रख रहा है। इसके लिए स्वास्थ्य विभाग सबसे पहले कमरों की उपलब्धता पर ध्यान दे रहा है। इसके लिए तीन कमरों के भवन की आवश्यकता है। एक कमरे को प्रतीक्षालय कक्ष के रूप में बनाया जाएगा। जहां वैक्सीन लगवाने वाले बैठेंगे।
दूसरा वैक्सीनेशन कक्ष के रूप में संचालित होगा। यहां वैक्सीन लगाने के लिए तय स्टाफ ही मौजूद रहेगा। तीसरा कक्ष निगरानी कक्ष के रूप में कार्य करेगा। यहां वैक्सीन लगाने के बाद 30 मिनट तक संबंधित व्यक्ति के स्वास्थ्य पर नजर रखनी होगी। गाइडलाइन के अनुसार तीनों कक्ष में कोरोना नियमों का पालन हर हाल में करना है।
वैक्सीनेशन सेंटर व कक्ष में प्रवेश से पहले इंफ्रारेड थर्मामीटर से वहां तैनात सुरक्षाकर्मी वैक्सीन लगवाने आए व्यक्ति के साथ-साथ विभागीय चिकित्सक व कर्मचारी की भी जांच करेंगे। वैक्सीनेशन सेंटर पर एक पर्यवेक्षक की नियुक्ति करनी होगी। पर्यवेक्षक के पास एईएफआई किट भी उपलब्ध होनी चाहिए। पर्यवेक्षक विभाग के अधिकारियों को बनाने के लिए कहा गया है।