
( अनुराग शुक्ला ) प्रयागराज (अनुराग दर्शन समाचार)। नेशनल हाईस्पीड रेलवे कॉर्पोरेशन लिमिटेड (एनएचएसआरसीएल) की ओर से नई दिल्ली से वाराणसी वाया प्रयागराज के बीच एरियल लिडार (लाइट डिटेक्शन एंड रेंजिंग) सर्वे पूरा कर लिया है।
नई दिल्ली से वाराणसी के बीच एरियल लिडार सर्वे पूरा
हेलीकाप्टर से ली गई तस्वीर के बाद हो रहा डाटा स्टडी
दो माह में रिपोर्ट बनाकर रेलवे बोर्ड को भेजी जाएगी
इस तकनीक से जमीन पर बनने वाले रास्तों का सर्वेक्षण हेलीकॉप्टर से किया जाता है। इस सर्वेक्षण के पूरा होने होने के बाद कुछ बरस में प्रयागराज से होकर बुलेट ट्रेन शुरू होने की उम्मीद बंधी है।
यह हेलीकाप्टर लेजर युक्त सेंसर और स्पष्ट तस्वीर के लिए 60 मेगा पिक्सेल्स कैमरे सेे लैस होता है। अब सर्वेक्षण के दौरान एकजुट किए गए डाटा की स्टडी शुरू कर दी गई है। करीब दो माह में इसकी रिपोर्ट बनाकर रेलवे बोर्ड को भेजी जाएगी।
865 किलोमीटर वाला हाईस्पीड रेल मार्ग लखनऊ, अयोध्या होते हुए प्रयागराज से भी गुजरेगा
रेल मंत्रालय ने प्रधानमंत्री की महत्वाकांक्षी परियोजनाओं में से एक नई दिल्ली-वाराणसी हाईस्पीड रेल कॉरिडोर के लिए नेशनल हाईस्पीड रेलवे कॉर्पोरेशन लिमिटेड को विस्तृत परियोजना रिपेार्ट तैयार करने का काम सौंपा है। 865 किलोमीटर वाला हाईस्पीड रेल मार्ग लखनऊ, अयोध्या होते हुए प्रयागराज से भी गुजरेगा। इस रूट पर 320 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार वाली बुलेट ट्रेन चलाने की योजना बनाई जा रही है।
एनएचएसआरसीएल की प्रवक्ता सुषमा गौर ने बताया कि नई दिल्ली-वाराणसी के बीच नेशनल हाईस्पीड रेल रूट पर यूपी के प्रयागराज समेत आगरा, लखनऊ, अयोध्या, रायबरेली जैसे शहर जुड़ेंगे। एरियल लिडार सर्वेक्षण कर लिया गया है। अब टीम डाटा की स्टडी कर रही है। करीब दो माह में इसकी रिपोर्ट बनाकर रेलवे बोर्ड को भेजी जाएगी।