इलाहाबाद संग्रहालय का 91 वां स्थापना दिवस संग्रहालय प्रांगण में धूमधाम से मनाया गया

मनोज गुप्ता ने अपने कार्यक्रम का शुभारंभ गोस्वामी तुलसीदास जी की रचना “गाइए गणपति जगवंदन” से की ।

( विनय मिश्रा )
प्रयागराज (अनुराग दर्शन समाचार) l संस्कृति मंत्रालय ,भारत सरकार से संबद्ध इलाहाबाद संग्रहालय का 91 वां स्थापना दिवस संग्रहालय प्रांगण में धूमधाम से मनाया गया l
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि महालेखाकार सुश्री एसoअहलादिनि पंडा ने दीप प्रज्वलन करके किया l संग्रहालय के निदेशक डॉ सुनील गुप्ता ने मुख्य अतिथि का स्वागत करते हुए संग्रहालय के स्थापना दिवस के बारे में विस्तार से जानकारी दी वित्त एवं लेखाधिकारी राघवेंद्र सिंह द्वारा संग्रहालय का पिछले एक वर्ष का विवरण प्रस्तुत किया गया उसके बाद मुख्य अतिथि ने अपने उद्बोधन में संग्रहालय की स्थापना दिवस की शुभकामनाएं देते हुए उसके उत्तरोत्तर विकास एवं उज्जवल भविष्य की शुभकामनाएं प्रदान की l
तत्पश्चात प्रयागराज के सुपरिचित गायक मनोज गुप्ता ने अपने साथी कलाकारों सहित सांस्कृतिक कार्यक्रम का शुभारंभ गोस्वामी तुलसीदास जी की रचना “गाइए गणपति जगवंदन” से करके एक से एक भजनों एवं गजलों से उपस्थित श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया l इसी क्रम में उन्होंने “राम नाम आधार जिन्हें वो जल में राह बनाते हैं”, “मेरा आपकी कृपा से सब काम हो रहा है”, “जैसे सूरज की गर्मी से जलते हुए तन को”, वह चांदनी सा बदन खुशबूओ का साया है”, कभी तो आसमां से चांद उतरे”, “तुम अगर साथ देने का वादा करो” ,”मैं तो गाता फिरू दिन रात”, “तू मेरी गली आना रे कान्हा”, “रामचंद्र कह गए सिया से ऐसा कलयुग आएगा” सहित अनेकों गजलो और भजनों से लगभग 2 घंटे तक श्रोताओं को बांधे रखा l
सहगायन में ज्योति आनंद ,विभा पांडे ,अनूपा मिश्रा ,पूजा मौर्य एवं कीर्ति चौधरी ने तथा बांसुरी पर रविशंकर ,वायलिन पर जयकिशन, तबले पर शिव गुप्ता एवं ऑक्टोपैड पर प्रशांत भट्ट ने बहुत खूबसूरत साथ दिया l उपस्थित रहने वालों में प्रमुख रूप से मनोज पांडे ,अजय कुमार, राजेश कुमार ,वामन वानखेडे, संजू मिश्रा सहित समस्त अधिकारी एवं कर्मचारी गण उपस्थित रहे l

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