
( अनुराग शुक्ला ) प्रयागराज (अनुराग दर्शन समाचार )। प्रयागराज के रहने वाले फैजुल एक ऐसे शख्स है जो पिछले कई सालों से निशुल्क एंबुलेंस(शव वाहन) से लोगों के बुलावे पर उनके घर के शव को श्मशान घाट तक पहुंचाने का काम कर रहे है। इसके एवज में कोई भी पैसा नहीं लेते हैं।
इसके एवज में कोई भी पैसा नहीं लेते हैं।
प्रयागराज अतरसुइया के किराए के मकान में फैजुल अपने मम्मी के साथ रहते हैं। अब्बू का कई साल पहले इंतकाल हो चुका। फैजुल के दो भाई हैं जो अलग रहते हैं। पिछले 10 सालों से डेड बॉडी उठाकर श्मशान घाट तक पहुंचाने का काम कर रहे हैं। फैजुल पहले ट्रॉली से काम किया करते थे। ऐसा नहीं कि इस गाड़ी से सिर्फ लोगों के शव को श्मशान घाट तक पहुंचाते हैं। फैजुल बकायदा शव को कंधा भी देते हैं। सबसे खास बात फैजुल इसके एवज में कोई पैसा नहीं लेते। फैजुल गाड़ी चलाने के लिए एक ड्राइवर भी रखा है फैजुल अपनी बातें कहते कहते हैं बहुत जल्द भावुक भी हो जाते हैं।
इन दिनों रमजान का पाक महीना चल रहा है और हर मुस्लिम वर्ग रोजा रख रहा है।लेकिन फैजुल ऐसे शख्स हैं जो लोगों की सेवा करने के लिए रोजा भी नहीं रखते है। फैजुल का कहना है,अगर मैं रोजा रहूंगा तो लोगों के लिए कोई काम नहीं कर पाऊंगा इसलिए मैं रोजा नहीं रखता। फैजुल अपने काम के दौरान मजहब को बीच में नहीं आने देता है और किसी भी धर्म के व्यक्ति की भरपूर सहायता करते हैं। फैजुल एक फोन के बुलावे पर लोगों के घर पहुंच जाते हैं।लोग इस वजह से फैजुल की तारीफ करते नहीं थकते है।