
सर्वाधिक अंक पाने वाले अभिषेक कुमार सिंह को पदक देने के लिये परीक्षा नियंत्रक को किया निर्देशित
प्रयागराज (अनुराग दर्शन समाचार )। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने इविवि के दीक्षांत में दिये जाने वाले प्रो० पी०डी० हजेला गोल्ड मेडल की पूरी सूची को किया रद्द और सर्वाधिक अंक पाने वाले अभिषेक कुमार सिंह को पदक देने के लिये परीक्षा नियंत्रक को किया निर्देशित। सोमवार 1 नवम्बर को परास्नातक अर्थशास्त्र के छात्र अभिषेक कुमार सिंह की याचिका पर सुनवाई करते हुये इलाहाबाद हाईकोर्ट की एकल पीठ ने दीक्षांत के पदकों की SGPA के आधार पर बनाई गई पूरी सूची को आधारहीन और गलत माना | हाइकोर्ट ने तत्काल प्रभाव से प्रो० पी०डी० हजेला गोल्ड मेडल को SGPA के आधार पर देने पर रोक लगाई और सर्वाधिक नम्बर के आधार पर पदक देने को विश्वविद्यालय को तत्काल प्रभाव से निर्देशित किया। यही नहीं हाईकोर्ट ने मानस मुकुल मौर्या को अयोग्य मानते हुये उनकी दावेदारी को पूर्णतः खारिज करते हुये उपरोक्त के लिए मुख्य परीक्षा नियंत्रक और रजिस्ट्रार को आदेशित किया। याचिकाकर्ता अभिषेक कुमार सिंह की तरफ से पैरवी कर रहे वरिष्ठ अधिवक्ता और हाईकोर्ट बार एसोसिएशन के अध्यक्ष अमरेन्द्र नाथ सिंह के अनुसार विश्वविद्यालय कोर्ट के समक्ष पदक वितरण के लिए अपनाये गये वैधानिक मानक नहीं प्रस्तुत कर पाया और प्रोन्नति में 10% अंकों की बढ़ोत्तरी के तर्क को खुद विश्वविद्यालय और यूजीसी के द्वारा जारी आंतरिक मूल्यांकन की आवश्यकता के नियम के विरुद्ध कोर्ट ने पाया। बकौल पैरवीकार अमरेन्द्र प्रताप सिंह कोर्ट के संस्कृत और दर्शनशास्त्र में अपनाये गये तरीके की कोर्ट के समक्ष व्याख्या के निर्देश पर भी विश्वविद्यालय व्याख्या नहीं कर पाया | मुख्य रूप से कोर्ट ने इविवि की परीक्षा समिति को वैधानिक बाडी नहीं माना और SGPA के निर्धारण, अंकों को सामान्य प्रोन्नति में बढाने के तरीके को भी दोषपूर्ण माना | अंत में कोर्ट के याचिका के पैरा नम्बर 5, 10 और 16 का विश्वविद्यालय के पास कोई समुचित उत्तर न होने पर हाईकोर्ट ने अर्थशास्त्र, दर्शनशास्त्र, संस्कृत इत्यादि विषयों की SGPA के आधार पर तैयार पूरी पदक सूची को रद्द करने के योग्य पाया लेकिन प्रस्तावित दीक्षांत को ध्यान में रखकर पी डी हजेला की SGPA के आधार पर तैयार पूरी सूची को रद्द किया, अपात्र दावेदार मानस मुकुल मौर्य के कैन्डीडेचर को खारिज किया | और अंततः अर्थशास्त्र में सर्वाधिक अंक पाने वाले अभिषेक कुमार सिंह को प्रो० पी०डी० हजेला स्वर्ण पदक देंने के लिए मुख्य परीक्षा नियंत्रक और रजिस्ट्रार को तत्काल प्रभाव से आदेशित किया।