
जगह जगह पर विभिन्न संस्थाओं के द्वारा पुष्प वर्षा के साथ शोभा यात्रा का स्वागत ।
महर्षि भरद्वाज प्रयागराज के अस्मिता के प्रतीक-वासुदेवानंद
प्रयागराज (अनुराग दर्शन समाचार )। प्रयाग के मूल पुरुष जिनके आश्रम में 10,000 से अधिक बच्चे शिक्षा ग्रहण करते थे ,विमान शास्त्र के जनक जिन के श्री चरणों को स्पर्श करके भगवान श्री राम वन की ओर प्रस्थान करते हैं । प्रयाग विद्वत परिषद के द्वारा भारत भाग्य विधाता महर्षि भरद्वाज की जयन्ती माघ पंचमी पर आज भरद्वाज मूर्ति पर जगद्गुरु स्वामी वासुदेवानंद सदस्य राम जन्मभूमि न्यास, मंडलआयुक्त प्रयागराज मंडल, संजय गोयल, आईजी प्रयागराज रेंज डॉ राकेश सिंह व अन्य तमाम गणमान्य विशिष्ट अतिथियों ने पुष्प अर्पण किया। महर्षि को पुष्पांजलि अर्पण करने के पश्चात संगम तक शोभायात्रा की गई जहां पर गंगा पूजन हुआ। संस्कृत विद्यालय के छात्रों के द्वारा शंख ध्वनि से वातावरण गुंजायमान कर दिया। इस अवसर पर वैदिक मंत्रों के उच्चारण व स्वस्तिवाचन से भगवान महर्षि भरद्वाज की पूजा हुई। इसके बाद शोभा यात्रा अल्लापुर होते हुए संगम तक गई रास्ते में जगह-जगह सामाजिक सांस्कृतिक संगठनों ने शोभा यात्रा के ऊपर पुष्प वर्षा कर स्वागत किया। यात्रा मार्ग में सनातन एकता कार्यालय में राजेंद्र पांडे की अगुवाई में इसी तरह अल्लापुर पुलिस चौकी के पास पवन द्विवेदी संदीप यादव की अगुवाई में पुष्प वर्षा की गई लेबर चौराहा पर रामलीला कमेटी के सुधीर द्विवेदी रामनरेश पिंडीवाषा ने यात्रा का स्वागत किया। किले चौराहे प्रवीण पांडे की अगुवाई में आरती पुष्प वर्षा की गई। कार्यक्रम के संयोजक वीरेंद्र पाठक ने बताया कि प्रतिवर्ष पंचमी के दिन महर्षि भरद्वाज के पुण्यस्मरण के अवसर पर प्रयाग विद्वत परिषद के द्वारा पुष्पांजलि व शोभायात्रा शोभायात्रा निकाली जाती है । इस बार कोविड-19 में रखते हुए कार्यक्रम को संक्षिप्त रखा गया स्वामी वासुदेवानंद सरस्वती सदस्य राम जन्मभूमि न्यास ने बताया कि प्रयाग के मूल पुरुष महर्षि भरद्वाज को आज के युवा पीढ़ी को जानना आवश्यक है कि वह प्रथम कुलपति थे जिनके आश्रम में हजारों बच्चे शिक्षा ग्रहण करते थे । मंडलायुक्त संजय गोयल ने कहा महर्षि भरद्वाज प्रयागराज की विरासत है इनका मान रखा जाना चाहिए। आईजी डॉ राकेश सिंह ने कहा कि ऐसे महापुरुषों से युवकों को प्रेरणा लेनी चाहिए। शोभा यात्रा का माघ मेला क्षेत्र में एसपी माघ मेला राजीव मिश्रा ने माल्यार्पण कर संतों का स्वागत किया। शोभा यात्रा की अगुवाई श्रीधराचार्य के अनुयायियों ने की। संगम पर गंगा पूजन के बाद पूर्व आईजी रहे लालजी शुक्ला ने महर्षि भरद्वाज के कार्यों को विस्तार से बताया। एसपी मेला ने कहा कि माघ मेला महर्षि भरद्वाज की देन है यह जानकर इस कार्यक्रम में शामिल होकर अच्छा लग रहा है इस तरीके के कार्यों का विस्तार होना चाहिए।
कार्यक्रम में मुख्य रूप से डॉ प्रमोद शुक्ला रामनरेश त्रिपाठी पिंडीवासा, लालजी शुक्ला, शशिकांत सत्यव्रत मिश्रा अभिषेक मिश्रा डॉ रंजन बाजपेई हृदयनाथ मिश्रा प्रवीण श्रीवास्तव टाइगर पंकज, सुरेश त्रिपाठी , प्रदीप पांडे विनय द्विवेदी एके द्विवेदी कालीशंकर ,उत्तम कुमार बनर्जी सुधीर द्विवेदी दुकान जी राजेंद्र पांडे दिलीप द्विवेदी राजीव भारद्वाज धीरज शर्मा विपुलेश त्रिपाठी आशुतोष संड पूनम मिश्रा माला कुशवाहा दिव्यांशु मेहता प्रमुख रूप से थे।
कार्यक्रम का संचालन वीरेंद्र पाठक ने किया।