
इलाहाबाद। प्रयाग कुंभ 2019 में पूरी दुनिया को स्वच्छता का भी संदेश दिया जाएगा। संगम किनारे बसने वाली तंबुओं की नगरी में स्वच्छता पर विशेष जोर होगा। यहां करीब 22 सफाईकर्मी तैनात किए जाएंगे। उत्तर प्रदेश के विभिन्न शहरों के अलावा यह सफाई कर्मी (स्वच्छता के सिपाही) बिहार, पश्चिमी बंगाल, उड़ीसा, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और झारखंड से आएंगे।
केंद्र और प्रदेश की भाजपा सरकार कुंभ की ब्रांडिंग के लिए जुटी है। दुनिया के इस सबसे बड़े धार्मिक समागम में लाखों श्रद्दालुओं के आने की उम्मीद है। इस दौरान लघु भारत में स्वच्छता पर खासा जोर होगा। मेला क्षेत्र में कुल 135 शहरों से आने वाले सफाईकर्मियों के रहने के लिए पहली बार अलग से कॉलोनी बनाई जाएगी।
यह मेला क्षेत्र में सभी 20 सेक्टरों में होंगी। इनमे प्राथमिक विद्यालय भी खोले जाएंगे, ताकि सफाईकर्मियों के बच्चे पढ़ाई भी कर सकें। विद्यालय में बाकायदा शिक्षकों की तैनाती होगी और स्टेशनरी के साथ ही फर्नीचर की भी व्यवस्था की जाएगी। इन सफाई कर्मियों को सस्ते दर पर खाद्यान्न भी मुहैया कराया जाएगा।
सफाई व्यवस्था पर निगरानी के लिए सुपरवाइजर भी लगाए जाएंगे। यहां खास तरह के दो हजार से ज्यादा डस्टबिन भी रखे जाएंगे। सीवेज की भी बेहतरीन व्यवस्था रहेगी। कूड़ा निस्तारण के लिए खास इंतजाम होगा। कुंभ मेलाधिकारी विजय किरन आनंद ने बताया कि कुंभ 2019 को दिव्य और भव्य बनाने के लिए कोई कसर नहीं छोड़ी जा रही है। स्वच्छता पर सबसे ज्यादा जोर है। इसके लिए विशेष इंतजाम किए जा रहे हैं।’