
टीबी मरीज अपनी दवा बीच में न छोड़ें: मुख्य चिकित्सा अधिकारी
प्रयागराज (अनुराग दर्शन समाचार ) ।क्षय रोग उन्मूलन की दिशा में कार्य करते हुए आज न्यू पीएससी अरैल और सीएससी चाका में 50 क्षय रोगियों को मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ नानक सरन व जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ एके तिवारी ने पोषाहार का वितरित किया। यह पोषाहार डीआईसी मैनेजर अजय कुमार चौरसिया ने “लघु उद्योग” टीबी मरीजों को दिया। पोषाहार वितरण कार्यक्रम में पीपीएम कोऑर्डिनेटर आशीष सिंह, एसटीएस सर्वेश,एसटीएस दिनेश व स्वास्थ्य विभाग के अन्य कर्मचारीगण उपस्थित रहे। डॉ नानक सरन ने टीबी मरीजों को इलाज के बारे में समझाया व मरीजों से इलाज में आ रही समस्याओं के बारे में जाना। इस मौके पर सभी टीबी मरीजों ने अपनी-अपनी समस्या को सीएमओ के सामने रखा व इलाज के लिए विभाग के द्वारा दी जा रही निःशुल्क दवा के बाद अब मिलने वाले पोषाहार को पाकर अपनी खुशी जाहिर की। डॉ नानक सरन ने मरीजो से कहा की नियमित दवा का सेवन ही टीबी को हारा सकता है। इसलिए मरीज दवा को बीच में न छोड़ें। आपके इस पहल से निश्चित तौर पर 2025 तक देश से टीबी को हराने में हम सभी सफल होंगे। जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ एके तिवारी ने बताया की जनपद में कुल 3400 टीबी मरीजों को गोद लिया जाना है। इनका नि:शुल्क उपचार होने के साथ-साथ इन्हें पोषण के लिए 500 रुपये का पोषण भत्ता हर माह इनके खाते में भेजा जा रहा है। साथ ही विभाग टीबी उन्मूलन के लक्ष्य को जल्द से जल्द प्राप्त करने के लिए हर टीबी मरीज को प्रत्येक माह पौष्टिक आहार (पोषाहार) वितरित कर रहा है। लगभग 2100 टीबी मरीजों को कई विभाग व निजी संस्थाओं ने गोद लिया है। स्वास्थ्य विभाग के आह्वान पर क्षय रोगियों को गोद लेने के लिए अन्य विभाग व स्वयंसेवी संस्थाएं भी आगे आएँ। आपसी समन्वय व सहयोग से हम सभी को मिलकर टीबी मुक्त भारत बनाना है।