
प्रयागराज। महंत बजरंग मुनि ने अनुराग दर्शन से विशेष बातचीत में बताया कि भारत के संविधान में देश के नागरिकों को लोकतांत्रिक व्यवस्था के तहत मतदान करके अपने प्रतिनिधि को चुनने का अधिकार दिया गया है।
मतदाता को मतदान के दिन अपने पोलिग बूथ पर जाकर अनिवार्य रूप से मतदान करना चाहिए। मतदान के दिन सभी कार्यों को छोड़कर सबसे पहले मतदान करना चाहिए। गांव, नगर, शहर के सभी मतदाता जरूर मतदान करें, इसके लिए उन्हें मतदान के प्रति जागरूक रहते हुए अन्य लोगों को भी प्रेरित करना चाहिए। मतदान लोकतांत्रिक व्यवस्था का केंद्र बिदु है।
मतदान के द्वारा ही जनप्रतिनिधियों का चुनाव आम नागरिक करता है। चुने गए जनप्रतिनिधि सरकार का गठन कर देश के विकास में अपनी भूमिका का निर्वहन करती है। चुनी हुई सरकार यदि जनता के हित में काम नहीं करती है तो पांच वर्ष बाद मतदान के द्वारा ही जनता अपने पुराने जनप्रतिनिधि को हटाकर नए जनप्रतिनिधि का चयन कर लेती है।