इलाहाबाद। इन दिनों माघ मेला क्षेत्र में कल्पवास के 12 वर्ष जिन भक्तों का हो चुका है उनके द्वारा माघ मेला क्षेत्र में सैया दान का कार्यक्रम किया जा रहा है।
मान्यता है कि जो कल्पवासी 12 वर्ष व्यतीत कर लेता है वह कल्पवासी सैया दान कर अपनी कल्पवास तपस्या से मुक्त पाया जाता है।
हर कल्पवासी अपने मोक्ष के लिए एक माह का कल्पवास कर एक वक्त भोजन कर और एक वक्त फलाहारी कर एक माह तपस्या करता है, वह अपना फल अर्जित करता है।
हर मनुष्य इस पल के इंतजार में रहता है कब उसका 12 वर्ष की तपस्या पूरी हो और वह मुक्ति पाए।
बताया जाता है तीर्थों के राजा प्रयागराज में सैया दान का बड़ा महत्व है। यहां के तीर्थ पुरोहितों को सैया दान कर मुक्ति का द्वार और स्वर्ग का द्वार खोलने का एक माध्यम होता है।