त्रिशला फाउंडेशन में देश-विदेश से आने वाले बच्चों और उनके अभिभावकों को कोविड- 19 के संक्रमण से बचाने दे रहे ऑनलाइन थेरेपी- डॉ जेन

प्रयागराज (अनुराग दर्शन समाचार )। सेरेब्रल पालसी से प्रभावित बच्चों के इलाज के लिए प्रमुख केंद्र बन चुके प्रयागराज के त्रिशला फाउंडेशन में देश-विदेश से आने वाले बच्चों और उनके अभिभावकों को कोविड- 19 के संक्रमण से बचाने के लिए फाउंडेशन ने अपने सभी केन्द्रों को अनिश्चित काल के लिए बन्द कर ऑनलाइन थेरेपी, प्रशिक्षिण और वीडियो-वार्तालाप के जरिये सेरेब्रल पालसी से प्रभावित बच्चांे के इलाज करने की नई पहल शुरू की है।
सेरेब्रल पालसी विशेषज्ञ डाॅ0 जितेन्द्र जैन का मानना है कि सेरेब्रल पालसी से प्रभावित बच्चों का इम्युनिटी सिस्टम काफी कमजोर होता है जिसके चलते उनमें संक्रमण फैलने की संभावना अधिक रहती हैं। ऐसे में इन बच्चों को निरन्तर एवं लम्बे समय तक थेरेपी की आवश्यकता को देखते हुये ऑनलाइन थेरेपी एवं प्रक्षिक्षण और परामर्श के जरिये उनके घर पर ही इलाज करने में जहां सहायता मिल रही है वही बच्चों के अभिभावक अपने घर में सुरक्षित भी महसूस कर रहे है ।
सेरेब्रल पालसी के इलाज के लिए विश्व-विख्यात त्रिशला फाउंडेशन द्वारा इन दिनों एक-एक घण्टे के कई ऑनलाइन प्रक्षिक्षण सत्रों के जरिये कुछ दिनों में ही दर्जनों बच्चो को न सिर्फ ऑनलाइन थेरेपी करायी जा रही है, बल्कि उन्हें बगैर केंद्र पर आए ही उन सभी क्रिया-कलापों से भी रूबरू कराया जा रहा है जिसके जरिये बच्चे अपने अभिभावकों की मदद से चलने-फिरने और अन्य शारीरिक गतिविधियों को आम दिन-चर्या में शामिल करके शारिरिक कमजोरी को एक नई शक्ति प्रदान कर रहे है । डाॅ0 जैन का कहना है कि इससे जहां बच्चों को बहुत ज्यादा फायदा मिला है वही अभिभावक भी घर बैठे स्वयं को बेहतर तरीके से प्रक्षिशित कर पा रहे है ।
डाॅ0 जैन ने बताया कि ऑनलाइन प्रक्षिक्षण के लिए देश के कोने-कोने से लोग ऑनलाइन जुड़ रहे है, अब तक दो हफते में ही 46 बच्चें इस अभियान से जुड़कर लाभ ले रहें है। विदेशों से भी लोग ऑनलाइन परामर्श और प्रक्षिक्षण के लिए अपने समय को आरक्षित करवा रहे है और सेरेब्रल पालसी के प्रक्षिक्षण के लिए उत्सुक है।




