माहे रमज़ान के नौ रोज़े हुए मुकम्मल

(विनय मिश्रा) प्रयागराज (अनुराग दर्शन समाचार)। माहे रमज़ान के नौ दिन का रोज़ा मुकम्मल हो गया मस्जिदों मे गिन्ती के लोग ही नमाज़ को पहोँचे।घरों मे रहकर ही इबादत के सारे अराकान पुरे किए गए।मस्जिद काज़ी साहब बख्शी बाज़ार के मुतावल्ली शाहरुक़ क़ाज़ी ने कहा की अब मस्जिद मे कम लोग ही आते हैं और ज़्यादातर लोग अपने घरों से इफ्तारी ले कर ही आते हैं ऐसे मे मस्जिद कमेटी की तरफ से रोज़ा इफ्तारी का जो इन्तेज़ाम होता था उसे अब बन्द कर दिया जायगा उन पैसों से ज़रुरतमन्दो की मदद की जायगी।वही शिया धर्मगुरु मौलाना जवादुल हैदर जव्वादी ने भी लोगों से अपील की के कोरोना का ग्राफ दिनो दिन बढ़ता जा रहा है लोग घरों मे रहें और इबादत मे सब की सलामती की दूआ करें हद इमकान लोगों की मदद करें अल्लाह इसका आज्र देगा।सरकार की गाईड लाईन का पालन करना हमारे लिए भी मुफीद है और इन्सानियत की खातिर भी लाज़ीम है।करबला कमेटी के नायब सद्र शाहिद अब्बास रिज़वी ने अपनी इफ्तिर पार्टी को मुलतवी करते हुए उन पैसों से लोगों की मदद करने की बात कही ।कहा अगर ज़िन्दा रहे तो फिर इफ्तार पार्टीयाँ होंगी लेकिन इस वक़्त लोगों की जान बचाना पहला फरीज़ा है।

