इलाहाबाद समाचारदेशप्रदेश

भव्य हुआ होली मिलन का काव्य चकल्लस

प्रयागराज (अनुराग दर्शन समाचार)। ,एक प्यार का नग्मा है ,सुपरहिट गीत देने वाले फिल्म जगत के चर्चित एवं वरिष्ठ गीतकार आदरणीय संतोष आनंद जी 29 मार्च 2022 को काव्य चकल्लस 2022 के अंतर्गत कवि सम्मेलन में अपने गीतों से श्रोताओं का मन मोह लिया जनता उनके दर्शन और सुनने के लिए लालायित रहे। उक्त कार्य क्रम कीडगंज थाने के समीप आयोजित किया गया। एक शाम संतोष आनंद के नाम इस कवि सम्मेलन में सभी रचनाकारों ने एक से बढ़कर एक प्रस्तुति दी श्रोतागण झूमते रहे। कार्यक्रम के सूत्रधार भारतीय जनता पार्टी के जिला अध्यक्ष श्री गणेश केसरवानी ने एक शाम संतोष आनंद के नाम से इस कार्यक्रम में आदरणीय संतोष आनंद जी को स्मृति चिन्ह अंगवस्त्रम और बृहद माला से सम्मानित किया गया। सम्मानित करने वालों में गीतकार शैलेंद्र मधुर मनीष केसरवानी राजेश केसरवानी अमर सिंह सचिन मिश्रा आभा श्रीवास्तव, विधायक गण भाजपा के पदाधिकारी गण सभासद एवं काव्य चकल्लस आयोजन समिति के सभी सदस्यो ने सम्मानित किया । संतोष आनंद जी ने अपने नए गीत की पंक्तियां पढ़ें श्रोताओं को झूमने पर मजबूर कर दिया उन्होंने पढ़ा। तुमने चाहा ही नहीं और ये हो सकता था, मुफलिसी हर जगह नहीं हो सकती। कार्यक्रम में आमंत्रित रचनाकारों में कविता तिवारी लखनऊ ने आपनी कविताओं से श्रोताओं का मन जीत लिया। जहां अनुराग चलता हूं वहां दूजा नहीं जाता, मगर जो देशद्रोही हो कभी पूजा नहीं जाता । डंडा बनारसी ने अपनी कविताओं से श्रोताओं का हंसा हंसा कर लोटपोट कर दिया। मेरे मामा गविये है वो दीपक राग गाते हैं, जिनको सुनकर गदही और गदहे भाग जाते हैं । मनोज चौहान मैनपुरी ने अपनी ओज की पंक्तित्यो से श्रोताओं में जोश भर डाला । हम्हारी रगों में दिल्ली का चौहान जिंदा है, विभा सिंह अहरौरा वाराणसी ,ने अपने गीत प्रस्तुत किया , मैं तो परदेसिया के प्यार संग जाऊंगी, डोली संग जाऊं ना कहार संग जाऊंगी। कार्यक्रम संयोजक प्रख्यात गीतकार शैलेंद्र मधुर ने अपने गीतों भजनों से श्रोताओं का मंत्रमुग्ध डाला, मेरी सांसे ही रामायण मेरी धड़कन ही गीता है । मेरा बचपन निराला पंत की गलियों में बीता है।एवं प्रख्यात उद्घोषिका आभा श्रीवास्तव ने संचालन उपरांत काव्य पाठ कर लोगो का मन मोह लिया,
नखरेली गुलनार हाय में नीली हो गई आया होली का त्यौहार चुनर मेरी पीली हो गई। हास्य कवि अशोक बेशरम ने अपनी रचनाओं से श्रोताओं को भरपूर हंसाया विचार है ना कोई धारा है अपनी यही विचारधारा है ।योगेश झमाझम अमित जौनपुरी अपने काव्य पाठ से श्रोताओं को आह्लादित किया। कार्यक्रम में मिश्रा राजू पाठक टी एन दीक्षित देवेश सिंह मुकेश लारा राजू रावत शैलेंद्र गुप्ता अजय जायसवाल लल्लन जायसवाल विवेक अग्रवाल राजेश केसरवानी सुभाष वैश्य कमलेश कुमार वरुण केसरवानी राजीव मिश्रा हिमालय सोनकर रूपेश कुमार नितिन केसरवानी कार्तिकेय सिंह राजू देवेंद्र प्रसाद ठाकुर राजन शुक्ला हजारों श्रोता गण उपस्थित रहे।

Related Articles

Back to top button