प्रयागराज से भी जुड़े हैं आतंकी मिनहाज व मुशीर के तार

एक प्रतिष्ठित इंजीनियरिंग कॉलेज के छात्र की तलाश में शहर पहुंची एटीएस की टीम
( अनुराग शुक्ला )
प्रयागराज (अनुराग दर्शन समाचार)। लखनऊ से पकड़े गये अलकायदा के संदिग्ध आतंकी मिनहाज अहमद और मसीरुद्दीन उर्फ मुशीर के तार प्रयागराज से भी जुड़े हैं। शहर स्थित एक प्रतिष्ठित इंजीनियरिंग कॉलेज की तलाश में एटीएस की एक टीम शहर पहुंची लेकिन छात्र उसके हाथ नहीं लगा। वह फरार बताया जा रहा है और उसका मोबाइल भी बंद है। सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक पकड़े गए आतंकियों ने दो राज खोले हैं ।उनमें से एक यह भी है कि प्रयागराज और कानपुर के इंजीनियरिंग कॉलेजों में पढ़ाई कर रहे कुछ छात्र भी उनके संपर्क में थे, जो बाकायदा उनके लिए कार्य भी कर रहे थे। इस जानकारी से मामले की जांच में जुटी एजेंसियों के कान खड़े हो गए। तत्काल एटीएस की टीमों को प्रयागराज और कानपुर भेजा गया। बुधवार को प्रयागराज के इंजीनियरिंग कॉलेज पहुंची टीम के हाथ छात्र नहीं आया। वह मोबाइल बंद कर अंडरग्राउंड हो गया है। एटीएस टीम छात्र के बारे में कालेज प्रशासन से जानकारी लेने के बाद वापस लौट गई। पूरी कार्यवाही बेहद गोपनीय रखी गई। पुलिस को भी इस बात की खबर नहीं लगी। आतंकियों से मिले मोबाइल नम्बरों व उनसे जुड़े छात्रों की लोकेशन ट्रेस की जा रही है।
*बड़ी वारदात की फिराक में थे आतंकी……*
आतंकियों ने जो राज उगले हैं उनसे पता चलता है कि त्यौहारों से पहले वह किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की फिराक में थे। उनका पूरा स्लीपर सेल सक्रिय था। इंजीनियरिंग छात्र स्लीपर सेल से ही जुड़े बताए जा रहे हैं। आतंकी चाहते थे कि वह अधिक से अधिक नुकसान पहुंचाएं, इसीलिए त्योहारों यानी भीड़ जुटने का इंतजार कर रहे थे। हर दिन नए और हैरान करने वाले राज सामने आ रहे हैं। एटीएस ने आतंकियों के संपर्क में रहे लोगों की तलाश तेज कर दी है। अभी और भी चौकाने वाले खुलासे हो सकते हैं।
*और छात्र हो सकते हैं प्रयागराज के….*
आठ छात्रों के आतंकियों से संपर्क होने की बात कहीं जा रही है। इनमें कुछ और छात्र भी प्रयागराज के हो सकते हैं। अभी तक सिर्फ एक ही छात्र आईडेंटिफाई हो सका है। जानकारी तो यह भी आई है कि प्रयागराज में भी आतंकियों का स्लीपर सेल तैयार हो रहा था, जो छात्र आतंकियों के संपर्क में थे वह दूसरे लोगों को भी संगठन से जोड़ने की कोशिश में थे। इस बात का पता लगाया जा रहा है की छात्र किन लोगों के संपर्क में थे। एटीएस को जांच में पता चला है की सभी छात्रों को मिनहाज और मुशीर ने आतंक की ट्रेनिंग दी है। सभी सोशल मीडिया सहित अनेकों आधुनिक संसाधनों में भी कुशल हैं।

