छापेमारी की जानकारी अधिकारियों को न देना पड़ा महंगा

प्रयागराज (अनुराग दर्शन समाचार )। पुलिस अपनी करतूतों की वजह से लगातार सुर्खियों में बनी रहती है। ताजा मामले में चार सब इंस्पेक्टर समेत आठ पुलिसवालों को निलंबित कर दिया गया है।इन पर आरोप है कि हिमाचल प्रदेश पुलिस के साथ इन्होंने शहर कोतवाली इलाके के एक होटल में टिके अपराधी की तलाश में छापेमारी की, होटल स्टाफ को हिरासत में लिया लेकिन आला अफसरों को इस बारे में खबर तक नहीं दी। सूत्रों से पता चला कि 26 फरवरी की रात हिमाचल प्रदेश की पुलिस के साथ निलंबित हुए पुलिसकर्मियों ने जानसेनगंज के पास एक लॉज में दबिश दी थी। पुलिस को हिमाचल प्रदेश से पुलिस अभिरक्षा से भागे डेविड नामक बदमाश की तलाश थी। हालांकि वह नहीं मिला था।
आठ पुलिसकर्मियों पर गिरी गाज
एसएसपी अजय कुमार की कार्रवाई स पुलिस विभाग में हड़कंप
यहां से 5 लोगों को पुलिस ने पकड़ा था। आरोप था कि डेविड को इन लोगों ने शरण दी थी। इन सभी को कोतवाली थाने ले जाया गया था। रात भर यहां रखने के बाद दूसरे दिन सुबह सभी को बिना लिखा पढ़ी के छोड़ दिया गया था। इस पूरी कार्रवाई की जानकारी उच्च अधिकारियों को नहीं दी गई थी। मामले की जानकारी जब एसएसपी अजय कुमार को मिली तो उन्होंने इसे गंभीरता से लेते हुए जांच के आदेश दिए थे। जांच एसपी गंगापार अभिषेक अग्रवाल को सौंपी थी। मामले की जांच रिपोर्ट मिलने के बाद शुक्रवार को एसएसपी प्रयागराज अजय कुमार ने 4 दरोगा और 4 सिपाही को निलंबित कर दिया। इस प्रकरण में इन पर गिरी निलंबन की गाज जो इस प्रकार है।
सब इंस्पेक्टर महावीर सिंह, जोनल दंगा नियंत्रण इकाई, सब इंस्पेक्टर वरुणकांत प्रताप सिंह, प्रभारी सर्विलांस सेल,विश्वेंद्र कुमार यादव, चौकी प्रभारी सूरजकुंड,उपनिरीक्षक राजीव श्रीवास्तव थाना शाहगंज,सिपाही संतोष कुमार यादव नारकोटिक्स सेल,सिपाही अनुराग यादव नारकोटिक्स सेल,सिपाही जयकांत पांडेय नारकोटिक्स सेल,सिपाही अवनीश शर्मा नारकोटिक्स सेल सभी को निलंबन का आदेश दिया जा चुका है।



