प्रयागराज । शंकरगढ़ आम आदमी पार्टी ने हाई प्रोफाइल इलाहाबाद लोकसभा सीट से किन्नर अखाड़ा की भवानी मां को अपना प्रत्याशी बनाय़ा है। इस सीट पर छठे चरण में 12 मई को वोट डाले जाएंगे। इसके बाद 23 मई को चुनाव के नतीजे आएंगे।

उत्तर प्रदेश की हाई प्रोफाइल इलाहाबाद लोकसभा सीट से आम आदमी पार्टी ने बड़ा दांव खेलते हुए, किन्नर अखाड़ा की भवानी मां को प्रत्याशी चुना है।जो आप प्रत्याशी आप पार्टी एक दूसरे प्रत्याशियों की वोट काटने में कमजोर नहीं पड रही है। जिन्होंने शंकरगढ़ क्षेत्र में भ्रमण कर दिखा दिया। कि मैं किसी पार्टी से कमजोर नहीं पड रही हूँ। जिन्होंने कहा कि मैं अपने लिए चुनाव नहीं लड़ रही हूं। मैं चुनाव इस प्रयागराज समाज के लिए लड़ रही हूँ। उन्होंने कहा कि मेरे पास क्या है, मेरे आगे पीछे कौन है, मैं चुनाव किसके लिए लड़ रही हूँ मैं जीतकर किसके लिए कार्य करूंगी, इस प्रयागराज के लिए जो आज बेरोजगारी की कगार पर है, क्योंकि मेरा कोई परिवार नहीं मुझे कोई किसी चीज की लालसा नहीं है, मैं आज चुनाव मैदान में आई हूँ तो केवल इस प्रयागराज समाज के युवा, गरीब परिवार की खुशहाली के लिए, उन्होंने कहा कि मुझे क्या चाहिए नहीं किन्नर समाज को चुनाव में आने की क्या जरूरत थी। जिसके बोट 12 मई को वोट डाले जाएंगे।जो इलाहाबाद सीट हाई प्रोफाइल सीट मानी जाती है। ऐसे में इस सीट पर देशभर की निगाह रहती है।इस सीट से लाल बहादुर शास्त्री, वीपी सिंह, मुरली मनोहर जोशी, जनेश्वर मिश्रा जैसे दिग्गजों के साथ ही अभिनेता अमिताभ बच्चन यहां से सांसद रह चुके हैं। फिलहाल इलाहाबाद सीट से श्यामाचरण गुप्त सांसद रह चुके हैं।उन्होंने साल 2014 के लोकसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी विजेपी के टिकट से जीत दर्ज की थी। लेकिन पूर्व भाजपा प्रत्याशी भारतीय जनता पार्टी का दामन छोड़कर समाजवादी पार्टी ज्वॉइन कर लिया है। समाजवादी पार्टी ने उनको बांदा से अपना प्रत्याशी भी घोषित कर टिकट दिया है । इसके अलावा आम आदमी पार्टी ने उत्तर प्रदेश की आज़मगढ़ लालगंज लोकसभा सीट से अजीत सोनकर, संभल लोकसभा सीट से अंजु सैनी और कानपुर देहात से आशुतोष ब्रह्मचारी को प्रत्याशी बनाया है।लेकिन आज इलाहाबाद लोकसभा चुनाव दिलचस्प हो गया है, क्योंकि सर्वे के अनुसार माना जाए तो जिस तरह विजेपी इलाहाबाद से चुनाव लड़ा रहीं हैं, जिसके शुरुआती दौर का समय अच्छा था। जिसके पहले विजेपी के प्रत्याशी के बोल बाले होने लगे थे लेकिन जैसे ही काग्रेस ने योगेश शुक्ला को इलाहाबाद से टिकट दिया। वैसे ही चुनाव और दिलचस्प हो गया, लेकिन अब उन दोनों पार्टियों का मामला यहां फस गया जब आप पार्टी ने अपने प्रत्याशी किन्नर अखाड़ा महामण्डलेश्वर मां भवानी को टिकट दिया, तो अन्य पार्टियों की सासे भी रुकनी शुरू हो गई। जिसका फायदा कहीं न कहीं आप पार्टी को भी मजबूती से मिल रहा है।




