कच्ची शराब के गढ़ में पुलिस का छापा, 540 लीटर शराब बरामद

कोराव,मांडा पुलिस के अलावा आबकारी टीम की संयुक्त कार्यवाही से हड़कम्प
( अनुराग शुक्ला/ रमेश तिवारी )
कोरांव,प्रयागराज (अनुराग दर्शन समाचार) तहसील क्षेत्र में कच्ची शराब के कारोबार के रूप में प्रसिद्ध कूदर गांव में शुक्रवार को खाकी वर्दी की टीम ने जमकर छापेमारी की। इस दौरान गांव में भगदड़ मच गई और कारोबार में लगे हुए लोग भागने लगे लेकिन पुलिस ने मौके पर से 3 लोगों को पकड़ लिया ।इसके अलावा लगभग 540 लीटर कच्ची शराब मौके से बरामद की गई ।पुलिस टीम ने कच्ची शराब बनाने के 32 भट्ठियों को नष्ट कर दिया वही लगभग 38 कुंतल लहन भी नष्ट किया गया ।इसके अलावा पुलिस टीम द्वारा मौके पर से कच्ची शराब बनाने के तमाम अन्य उपकरण भी बरामद किए गए हैं । पुलिस हिरासत में अनीता सोनकर पुत्री कुँवर सोनकर ,सविता सोनकर पुत्री बबलू ,धीरज सोनकर पुत्र पिंटू को हिरासत में लिया है जिनके खिलाफ कानूनी कार्यवाही की जा रही है ।इसके अलावा मौके पर से कुंवर सोनकर पुत्र स्वर्गीय डंगर सोनकर, छोटे पुत्र संतोष ,कल्लू सोनकर पुत्र पन्ना सोनकर, बबलू पुत्र राजू ,पप्पू सोनकर पुत्र संतोष सोनकर, विक्रम सोनकर पुत्र मंगरु, दिनेश कुमार पुत्र रज्जू के खिलाफ अभियोग पंजीकृत किया गया है ।कच्ची शराब के खिलाफ कार्यवाही में पहुंची पुलिस टीम को मौके पर से 11 मोटरसाइकिल में भी मिली हैं जिनको सीज करते हुए कार्रवाई की गई है। उल्लेखनीय है कि शुक्रवार को वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर अवैध मादक पदार्थों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत क्षेत्राधिकारी मेजा सच्चिदानंद के पर्यवेक्षण में प्रभारी निरीक्षक कोराव चंद्रभान सिंह एवं प्रभारी निरीक्षक मांडा सुरेंद्र कुमार पांडे के अलावा आबकारी टीम के इंस्पेक्टर मैथिली शरण सिंह की टीम द्वारा कच्ची शराब निर्माण के मामले में कूदर गांव में व्यापक पैमाने पर छापेमारी की गई। हालाकि उक्त गांव में कच्ची शराब बनाने का धंधा कुटीर उद्योग की तरह विगत कई वर्षों से लगातार चल रहा है पुलिस टीम द्वारा कभी-कभार कार्यवाही के नाम पर छापेमारी करते हुए कुछ कार्यवाही की जाती है लेकिन आज तक उक्त गांव में चलने वाले इस अवैध व्यवसाय को पूरी तरह से बंद नहीं कराया जा सका है। जिसकी वजह से यहां पर कच्ची शराब के कारोबार में लगे लोग कार्यवाही के बाद फिर से अपने धंधे में लग जाते हैं और यहां सुबह से लेकर शाम तक दूर दूर से लोग शराब खरीदने के लिए आते हैं।



