महिलाओं पर बढ़ते अमानवीय कृत्यों के विरोध में नारी शक्ति की जन आक्रोश यात्रा
इलाहाबाद। आज देश और समाज में नारियों के साथ अनवरत हो रहे अमानवीय कृत्यों के विरोध में सामाजिक जन आक्रोश यात्रा है।
यात्रा की संयोजिका वर्षा जायसवाल (समाज सेविका) ने बताया यह जनाक्रोश यात्रा सामाजिक है, समाज के लिए है, जन चेतना के लिए, जन जागरण के लिए है।
किसी राजनीतिक पार्टी या संगठन से अलग समाज में व्याप्त महिषासुर रूपी गंदे अभद्र विचारधाराओं से छोटी बच्चियों छात्राओं और नौकरी पेशा करने वाली नारियों पर लगातार हो रहे दुराचार की घटनाओं के विरोध में आज आर्य कन्या इंटर कॉलेज की छात्राओं और जागरूक महिलाओं के साथ समाज को जागरुक करने के लिए है।

हम अपने समाज और धर्म की रक्षा करें।
हम सब समाज के अंग हैं और हमारा कर्तव्य है कि हम अपने समाज और धर्म की रक्षा करें। यह कृत्य समाज के नाम पर सबसे बड़ा धब्बा है, और यह केवल मात्र कठोर कानून से नहीं अपितु समाज की जागरुकता से ही मिटाया जा सकता है। क्योंकि यह दहशत भरी मानवता को लज्जित करने वाली घटनाओ को देखते हुए ऐसा प्रतीत होता है जैसे हम सब पशुवत जीवन विचरण कर रहे हैं।
माननीय प्रधानमंत्री जी बोलते हैं

बेटी देश में जिंदा रहेगी तभी तो पढ़ेगी
‘बेटी बचाओ’ और ‘बेटी पढ़ाओ’ जब बेटी देश में जिंदा रहेगी तभी तो पढ़ेगी।समाजिक जन आक्रोश यात्रा में , ममता हैहयवंशी, संगीता जी, सुमित्रा जी, सुधा जी, शिव विशाल गुप्ता, धर्मेंद्र मिश्रा, विभोर रस्तोगी, शिवम पंडित, अजय अग्रवाल, प्रेमचंद गुप्ता, इंजी ज्ञानेंद्र प्रताप, विवेक शुक्ला, संजीव जायसवाल, प्रमोद जायसवाल, सुलोचना जी, वंदना श्रीवास्तव, धरम कुमार, सहित कई अन्य समाजसेवियों का सहयोग प्राप्त रहा।




