UP कांग्रेस में प्रवक्ता पद के लिए हुआ टेस्ट, पूछे गए यह 14 सवाल

इलाहाबाद। कांग्रेस की ओर से उत्तर प्रदेश का प्रवक्ता बनने के लिए लिखित परीक्षा में पूछे गए थे. करीब 70 लोगों ने यह परीक्षा दी.यह परीक्षा गुरूवार को हुई और UPCC की ओर से आयोजित इंटरव्यू में लोग पहुंचे.
योगी आदित्यनाथ सरकार की ‘असफलताएं’ क्या हैं? मनमोहन सिंह सरकार की ‘सफलताएं’ क्या थीं? कितनी विधानसभा सीटों से कितनी लोकसभा सीटें बनती हैं.

यह कुछ वो सवाल हैं जो कांग्रेस की ओर से उत्तर प्रदेश का प्रवक्ता बनने के लिए लिखित परीक्षा में पूछे गए थे. करीब 70 लोगों ने यह परीक्षा दी. उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी की ओर ये यह परीक्षा गुरूवार को आयोजित हुई.
यह पूरा टेस्ट पार्टी की राष्ट्रीय प्रवक्ता प्रियंका चतुर्वेदी और राष्ट्रीय मीडिया को-आर्डिनेटर राहुल गुप्ता की देखरेख में हुआ. प्रदेश इकाई के मुखिया राजबब्बर ने हाल ही में मीडिया टीम भंग कर दी. उम्मीदवारों के लिए टेस्ट चौंकाने वाला रहा क्योंकि गुरूवार को उन्हें पहले से नहीं बताया गया था. वहीं उन्हें सिर्फ यह बताया गया था कि गुरूवार को एक ‘महत्वपूर्ण मीटिंग’ है.
प्रियंका चतुर्वेदी ने कहा, ‘ऐसे टेस्ट नए नहीं हैं और यह कांग्रेस में होता रहा है. अब हम यूपी में भी इसी तरह का टेस्ट कर रहे हैं. यह कहना गलत होगा कि टेस्ट में मुश्किल प्रश्न पूछे गए थे. ये बुनियादी प्रश्न हैं जिसका एक प्रवक्ता को जवाब आना चाहिए. पीसीसी की नई मीडिया टीम एआईसीसी मीडिया टीम की तरह काम करेगी.’
टेस्ट में पूछे गए कुछ प्रश्नों पर एक नजर डालें:
-उत्तर प्रदेश में कितने ब्लॉक और क्षेत्र हैं?
-लोकसभा चुनाव में यूपी में कितने सीटें आरक्षित हैं?
-2004 और 2009 में कांग्रेस ने कितनी सीटें जीतीं?
– 2014 लोकसभा और 2017 विधानसभा चुनावों में कांग्रेस को वोट शेयर का प्रतिशत क्या था?
– यूपी में कितनी लोकसभा और विधानसभा सीटें हैं?
– यूपी में कितनी असेंबली सीटें, एक लोकसभा सीट बनाती हैं?
– नियमों के मुताबिक कितने लोकसभा सीटों कम या ज्यादा विधानसभा सीटें हो सकती हैं?
– योगी आदित्यनाथ सरकार की विफलता के प्रमुख मुद्दे क्या हैं?
– मनमोहन सिंह सरकार की उपलब्धियां क्या थीं?
– आज तीन मुख्य खबरें क्या हैं जिन पर कांग्रेस के प्रवक्ता बयान जारी कर सकते हैं?
– आप एक प्रवक्ता बनना क्यों चाहते हैं?



