रेमडेसिविर इंजेक्शन की कालाबाजारी करने सरगना अजय विश्वकर्मा की तलाश में क्राइम ब्रांच

( अनुराग शुक्ला )प्रयागराज (अनुराग दर्शन समाचार )। रेमडेसिविर इंजेक्शन की कालाबाजारी करने वाले गिरोह के फरार सरगना अजय विश्वकर्मा की तलाश में क्राइम ब्रांच भी लग गई है।
आइजी की स्पेशल टीम और कोतवाली पुलिस पहले से उसकी तलाश में लगी ।
आइजी की स्पेशल टीम और कोतवाली पुलिस पहले से उसकी तलाश में लगी है। रविवार को कई जगह पर दबिश भी दी गई, लेकिन सफलता नहीं मिली। इसके अलावा दो मेडिकल स्टोर संचालकों से भी पुलिस ने गोपनीय तरीके से अजय के बारे में पूछताछ कर महत्वपूर्ण जानकारी जुटाई है।
स्वरूपरानी नेहरू अस्पताल के मुख्य द्वार के पास से शुक्रवार देर शाम कोतवाली पुलिस ने तीन जालसाजों को गिरफ्तार किया था। ये सभी रेमडेसिविर इंजेक्शन की कालाबाजारी में लिप्त थे। जबकि इनका साथी अजय विश्वकर्मा निवासी 40 नंबर गुमटी पंडिला महादेव, थरवई दो रेमडेसिविर इंजेक्शन को लेकर फरार हो गया था। दोनों इंजेक्शन वह यहां बेचने आया था। पूछताछ में गिरफ्तार जालसाज विनोद कुमार, राहुल शुक्ल और अनुराग यादव ने पुलिस को बताया था कि अजय ही गैंग का सरगना है और वहीं इंजेक्शन की व्यवस्था करता था। वे तीनों तो जरूरतमंदों को फंसाते थे। अजय की तलाश में कोतवाली पुलिस तो लगी ही थी, आइजी की विशेष टीम भी लग गई है। साथ ही क्राइम ब्रांच भी अजय की तलाश कर रही है। रविवार को थरवई, सहसों, शिवकुटी और फाफामऊ में उसकी तलाश में दबिश दी गई। इन सभी जगहों पर अजय के रिश्तेदार और करीबी रहते हैं। हालांकि, वह यहां नहीं मिला। पुलिस ने उसके ठिकानों के बारे में जानकारी ली तो पता चला कि वह शहर में किसी के यहां कभी-कभी रुक जाता था। लेकिन वह किसके यहां रुकता था, इस बारे में कोई कुछ नहीं बता सका। निकलवाई जाएगी कॉल डिटेल।
अजय की तलाश में जुटी पुलिस उसके मोबाइल नंबर की कॉल डिटेल निकलवाएगी। इसके लिए प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। पुलिस का मानना है कि कॉल डिटेल निकलने के बाद यह पता चलेगा कि अजय किन लोगों के संपर्क में था।




