डाॅ. सत्यवान को बर्खास्त कर की जाएगी वेतन की रिकवरी
अनुसूचित जनजाति का फर्जी प्रमाण पत्र लगाकर नियुक्ति पाने का मामला
( अनंत पांडेय )प्रयागराज (अनुराग दर्शन समाचार)। इलाहाबाद विश्वविद्यालय (इविवि) के संघटक चौधरी महादेव प्रसाद पीजी कालेज (सीएमपी) में विधि विभाग के असिस्टेंट प्रोफेसर डाक्टर सत्यवान नायक को अब बर्खास्त कर उन्हें दिए गए वेतन की रिकवरी की जाएगी। कुलपति प्रोफेसर संगीता श्रीवास्तव के निर्देश पर डीन कालेज एंड डेवलपमेंट प्रोफेसर पंकज कुमार ने कालेज प्रबंधन को पत्र भेजकर जल्द निर्णय लेने को कहा है। अब जल्द ही गवर्निंग बाडी की बैठक में इस पर मुहर भी लग जाएगी।
डाक्टर अंबेडकर वेलफेयर एसोसिएशन के अध्यक्ष रामबृज गौतम की ओर से सीएमपी प्रबंध तंत्र के अध्यक्ष से शिकायत की गई थी। आरोप लगाया गया था कि डाक्टर नायक ने अनुसूचित जनजाति का जो प्रमाण पत्र लगाया है, उसे फर्जी तरीके से हाथ से बनाया गया है। गोरखपुर व उसके आसपास के ब्राह्मणों ने इसी जाति का फर्जी प्रमाणपत्र बनाकर खुद को एसटी बताते हुए विभिन्न विभागों में नौकरी प्राप्त कर ली है। गोरखपुर के जिला प्रशासन की ओर से ऐसे मामले की जांच की जा रही है। लगातार शिकायत मिलने पर कालेज ने जांच कमेटी गठित कर दी। कमेटी ने भी माना कि असिस्टेंट प्रोफेसर का आवेदन पत्र प्रस्तुत करने की अंतिम तिथि 26 सितंबर 2017 तक सत्यवान के पास एसटी का वैध जाति प्रमाण पत्र नहीं था। इसके बाद महाविद्यालय ने डाक्टर सत्यवान को निलंबित कर दिया। मामले की शिकायत प्रधानमंत्री से पोर्टल के जरिए की गई। कुलपति ने इसे गंभीरता से लेते हुए डीन कालेज एंड डेवलपमेंट प्रोफेसर पंकज कुमार को कार्रवाई के निर्देश दिए। ऐसे में उन्होंने कालेज प्रबंधन को पत्र भेजकर जल्द कोई निर्णय लेने को कहा है। सीएमपी के कार्यवाहक प्राचार्य डाक्टर बृजेश श्रीवास्तव ने बताया कि इविवि की तरफ से पत्र मिला है। इसमें उन्हें बर्खास्त कर वेतन की रिकवरी करने का निर्देश दिया गया है। जल्द ही गवर्निंग बाडी की बैठक बुलाकर इस प्रकरण में निर्णय लिया जाएगा।
डीन कालेज एंड डेवलपमेंट प्रो. पंकज कुमार ने बताया कि प्रधानमंत्री पोर्टल पर हुई शिकायत को संज्ञान में लेकर कुलपति ने डाक्टर सत्यवान नायक को बर्खास्त करने का निर्देश दिया है। साथ ही भुगतान किए गए वेतन के रिकवरी का भी निर्देश दिया गया है। मामले में कालेज प्रबंधन को पत्र भेजकर जल्द निर्णय लेने को कहा गया है।



