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दर्शन दृष्टि और विचार के पोषक थे अटल बिहारी- प्रो. त्रिपाठी

प्रयागराज (अनुराग दर्शन समाचार )। उत्तर प्रदेश राजर्षि टंडन मुक्त विश्वविद्यालय, प्रयागराज के अटल सुशासन पीठ के तत्वावधान में शुक्रवार को भारत रत्न पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी बाजपेई के जन्म दिवस की पूर्व संध्या पर अटल के सपनों का भारत विषय पर विचार गोष्ठी का आयोजन किया गया। संगोष्ठी के मुख्य अतिथि उत्तर प्रदेश उच्च शिक्षा परिषद के अध्यक्ष प्रोफेसर गिरीश चंद्र त्रिपाठी ने कहा कि अटल बिहारी बाजपेई दर्शन, दृष्टि और विचार के पोषक थे। वह उदार हृदय, भावातीत तथा दूसरों का सम्मान करने वाले व्यक्ति थे। प्रोफेसर त्रिपाठी ने कहा कि अटल बिहारी बाजपेई ने सर्व शिक्षा अभियान तथा चलो स्कूल चलें की शुरुआत करके अभूतपूर्व कार्य किया। संचार क्रांति को जन-जन तक पहुंचाने में बाजपेई जी का बहुत बड़ा योगदान है। उन्होंने स्वर्णिम चतुर्भुज सड़क परियोजना तथा नदियों के जुड़ाव की बात की। अटल जी नदियों के अस्तित्व के संरक्षण के लिए संवेदनशील थे। वह वसुधैव कुटुंबकम तथा सर्वे भवन्तु सुखिन:की विचारधारा के पोषक थे। अटल जी ने सदैव देश को शक्तिशाली बनाने की बात की। पोखरण परमाणु परीक्षण अटल जी के समय का महत्वपूर्ण आयाम था। प्रो. त्रिपाठी ने कहा कि अटल बिहारी बाजपेई किसी के जीवन में अनुचित हस्तक्षेप नहीं करते थे। उनका मानना था कि समाज कर्तव्य बोध के आधार पर खड़ा होगा तभी वह आगे बढ़ेगा। इस अवसर पर उन्होंने पंडित मदन मोहन मालवीय को स्मरण करते हुए कहा कि काशी हिंदू विश्वविद्यालय राष्ट्र का संकल्प है तथा सर्व विद्या की राजधानी है। अध्यक्षीय उद्बोधन करते हुए मुक्त विश्वविद्यालय की कुलपति प्रोफेसर सीमा सिंह ने भारत रत्न अटल बिहारी बाजपेई तथा पंडित मदन मोहन मालवीय को स्मरण करते हुए कहा कि आज हमें इनके व्यक्तित्व एवं कृतित्व को आत्मसात करने की आवश्यकता है। प्रोफेसर सिंह ने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी बाजपेई ने देश में सुशासन लाने का प्रयास किया और उसका प्रभाव बहुत व्यापक रहा। उन्होंने कहा कि अटल जी कवि हृदय थे। कवि मन बहुत भावुक होता है। अटल जी समाज के व्यक्तियों की भावनाओं को समझते थे तथा उनके दुःख दर्द में शामिल हो जाते थे। प्रोफेसर सिंह ने कहा कि अटल जी हमारे राष्ट्र के गौरव रहे हैं। वह हमेशा देश के विकास के लिए चिंतन करते रहते थे। इससे पूर्व अतिथियों का स्वागत तथा विषय प्रवर्तन अटल सुशासन पीठ के प्रभारी प्रोफेसर पी के पांडे ने किया। इस अवसर पर डॉ संजय कुमार सिंह ने अटल जी की कविताओं का सस्वर पाठ किया। संचालन डॉ सुरेंद्र कुमार एवं धन्यवाद ज्ञापन कुलसचिव प्रोफेसर पी पी दुबे ने किया। इस अवसर पर प्रोफेसर सत्यपाल तिवारी, प्रोफेसर विनोद कुमार गुप्ता, प्रोफेसर एस कुमार, वित्त अधिकारी अजय कुमार सिंह आदि उपस्थित रहे। प्रारंभ में मुख्य अतिथि प्रोफेसर गिरीश चंद्र त्रिपाठी एवं कुलपति प्रोफेसर सीमा सिंह ने दीप प्रज्ज्वलन तथा भारत रत्न अटल बिहारी वाजपेई एवं पंडित मदन मोहन मालवीय के चित्र पर पुष्प अर्पण किया।

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