माघ मेले में कालीचरण महाराज की एंट्री बैन करने की तीर्थ पुरोहितों ने की मांग

प्रयागराज (अनुराग दर्शन समाचार )। राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के लिए आपत्तिजनक टिप्पणी करने वाले संत कालीचरण महाराज की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। महाराज ने छत्तीसगढ़ के रायपुर में हाल ही में हुई धर्म संसद में उन पर टिप्पणी की थी। संगम की रेती पर लगने वाले माघ मेले में कालीचरण महाराज की एंट्री बैन करने की तीर्थ पुरोहितों ने मांग की है। संगम नगरी प्रयागराज के पुरोहितों ने कालीचरण के बयान का पुरजोर विरोध किया है. तीर्थ पुरोहितों की संस्था ने शुक्रवार को बैठक कर कालीचरण के बयान की निंदा की. इसके साथ ही प्रयागराज में 14 जनवरी से शुरू होने वाले माघ मेले में कालीचरण महाराज की एंट्री पर अपनी ओर से बैन लगा दिया है।
तीर्थ पुरोहितों ने मेला अधिकारी को पत्र लिखकर कालीचरण की एंट्री पर पाबंदी लगाए जाने की भी मांग की है. तीर्थ पुरोहितों की बैठक में निर्णय लिया गया कि कालीचरण को किसी भी कीमत पर मेले में प्रवेश नहीं करने दिया जाएगा. अगर सरकार व प्रशासन एंट्री पर पाबंदी नहीं लगाती है तो तीर्थ पुरोहित उन्हें मेले में घुसने नहीं देंगे. उन्होंने कहा है कि माघ मेले में आने पर कालीचरण को यहां कतई घुसने नहीं दिया जाएगा. पुरोहितों के मुताबिक कालीचरण ने राष्ट्रपिता बापू ही नहीं बल्कि देश के संविधान का भी अपमान किया है।



