
वाराणसी। नगर विकास व प्रभारी मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने शनिवार को पेयजल गृह संयोजन कार्य में खामियां मिलने पर जलनिगम के अधिशासी अभियंता, एई व जेई को निलम्बित करने का आदेश दिया है। प्रभारी मंत्री केंद्रीय परियोजनाओं की समीक्षा करने के बाद अमृत योजना के कार्यों का निरीक्षण करने पहुंचे थे।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संभावित आगमन के मद्देनजर तैयारियों की समीक्षा व विकास कार्यों का हाल जानने प्रभारी मंत्री दोपहर 12 बजे बनारस पहुंचे थे। आयुक्त सभागार में पेयजल, सीवर सहित अन्य विकास परियोजनाओं की प्रभारी मंत्री ने समीक्षा की।
पेयजल के कार्यों में अपेक्षित प्रगति नहीं देख अधिकारियों को चेतावनी देकर छोड़ दिया। शाम तीन बजे प्रभारी मंत्री अचानक ट्रांस वरुणा के चल रहे गृह कनेक्शन के कार्यों का निरीक्षण करने अशोक विहार व पैगम्बरपुर में पहुंचे। कई जगहों पर मिट्टी के ऊपर पाइप गुजरते देख अधिकारियों से पूछताछ शुरू कर दी। कुछ जगहों पर चार से पांच इंच मिट्टी के अंदर पाइप देख भड़क गए।
उन्होंने परियोजना के प्रोजेक्ट मैनेजर व अधिशासी अभियंता एके सिंह पर नाराजगी जतायी।
कहा कि आपका काम किसी भी तरीके से क्षमा योग्य नहीं है। घटनास्थल पर ही प्रभारी मंत्री ने एक्सईएन के साथ ही सहायक अभियंता अनूप सिंह व अवर अभियंता शशिकांत मौर्या को निलम्बित करने का निर्देश दिया। हालांकि लखनऊ जाते समय हेलीपैड पर विभागीय अधिकारियों ने काफी मान-मनौवल की लेकिन भविष्य के लिए भी चेतावनी देते हुए रवाना हो गए।
इसके पहले 23 दिसम्बर को भी नगर विकास मंत्री ने समीक्षा बैठक के दौरान अधिशासी अभियंता सुरेंद्र कुमार को निलम्बित कर दिया।




