पूर्व मुंशी को गिरफ्तार कर ले गई लखनऊ पुलिस
हाईकोर्ट के आदेश की कॉपी में फर्जीवाड़ा करने का मामला
प्रयागराज (अनुराग दर्शन समाचार)। हाईकोर्ट के आदेश की कॉपी में फर्जीवाड़ा करने के एक मामले में फरार चल रहे आरोपी की तलाश में सीबीआई ने छापामारी की। अटाला से पूर्व मुंशी को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया और उसे ट्रांजिट रिमांड पर सीबीआई लखनऊ ले गई है। इस पूरी करवाई को गोपनीय रखा गया। इस प्रकरण में इलाहाबाद हाईकोर्ट के वकील भी नामजद हुए थे।
कुछ वर्ष पहले इलाहाबाद हाईकोर्ट में अटाला निवासी मो. मुश्ताक अधिवक्ता गोविंद का मुंशी था। संविदा पर भी हाईकोर्ट में काम करने की बात सामने आई थी। इस दौरान आरोप लगा कि हाईकोर्ट के किसी पेपर में फर्जीवाड़ा करके उसे जारी किया गया था। फर्जी आदेश की कॉपी बनाकर किसी दूसरे अधिवक्ता को दे दिया। इस मामले में सीबीआई ने फर्जीवाड़ा करने के आरोप में कार्रवाई की। इसमें अधिवक्ता अमरनाथ, संजय श्रीवास्तव और मो. मुश्ताक आदि आरोपी बनाए गए थे।
यह मुकदमा अब सीबीआई कोर्ट में ट्रायल पर चल रहा है। इसी केस में मो. मुश्ताक फरार था। हाजिर नहीं होने पर कोर्ट ने उसके खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी कर दिया। सीबीआई उसकी तलाश में लगी थी। सर्विलांस से लोकेशन के आधार पर रविवार को सीबीआई प्रयागराज पहुंची। स्थानीय पुलिस की मदद से अटाला में छापामारी करके उसे गिरफ्तार कर लिया गया। कचहरी में उसका रिमांड बनवाया। पुलिस अभिरक्षा में उसे सीबीआई लखनऊ ले गई। पकड़े गए मुश्ताक का कहना था कि वह संविदा पर काम करता था, बाद में उसने नौकरी छोड़ दी थी।




