कोरोना की बढ़ती रफ्तार को देखते हुये महापौर ने जनहित में मासिक किराया दरों की वृद्वि स्थगित की

( विनय मिश्रा ) प्रयागराज (अनुराग दर्शन समाचार )। पुनः वर्तमान में कोरोना महामारी का प्रकोप प्रयागराज शहर में दिन प्रति दिन बढ़ रहा है।

नगर निगम प्रयागराज द्वारा गृहकर की मासिक किराया दरों में 75 प्रतिशत वृद्धि करने का प्राविधान किया गया था। मा0 कार्यकारिणी की बैठक में यह निर्णय लिया गया था कि किसी भी दशा में 35 प्रतिशत से अधिक मासिक किराया दरों में वृद्धि न की जाय। जबकि वर्तमान में शासन द्वारा जी0आई0एस0 सर्वे हेतु निर्धारित ऐजेन्सी द्वारा प्रयागराज नगर निगम सीमान्तर्गत स्थित भवनों के सर्वे का कार्य आज तक पूर्ण नहीं किया जा सका है। इसके अतिरिक्त नगर निगम प्रयागराज द्वारा कामर्शियल भवनों पर करारोपड़ का कार्य आज भी पूर्ण रूप से निस्तारित नहीं किया जा सका है। सर्वे का कार्य विस्तारित क्षेत्र सहित पूर्ण किया । जाय सभी भवनों को गृहकर की परिधि में लाते हुये गृहकर की वसूली की जाय । यहाँ भी उल्लेखनीय है कि निगमों जैसे लखनऊ कानपुर वाराणसी आगरा गाजियाबाद बरेली तथा मुरादाबाद में भी गृहकर की मासिक किराया दरों के वृद्धि के प्रस्ताव लाये गये थे जिन्हे कोरोना महामारी के दृष्टिगत स्वीकार नहीं किया गया। वर्ष 2020-21 में भी कोरोना महामारी के कारण गृहकर की मासिक किराया दरों की वृद्धि को नगर की जनता की आर्थिक स्थिति को दृष्टिगत रखते हुये । स्थगित कर दिया गया था। वर्तमान में भी कोरोना की बढ़ती रफ्तार को देखते हुये जनहित में मासिक किराया दरों की वृद्वि स्थगित की जाती है।




