पोस्ट करोना बीमारी अब नगर में पैर पसार चुकी

( विनय मिश्रा ) Aप्रयागराज (अनुराग दर्शन समाचार )। अखिल भारतीय उद्योग व्यापार मंडल, प्रयाग केमिस्ट एसोसिएशन फुटकर ,महिला मंडल एवं चिकित्सकों की आज की वर्चुअल मीटिंग में, चिकित्सकों द्वारा बताया गया है की ब्लैक फंगस (माइको माइटोसिस )के मरीज बहुत तेजी से निजी अस्पतालों में भर्ती हो रहे हैं( नाम नहीं बताया जाएगा). कोरोना संक्रमण के बाद फंगल इन्फेक्शन जोकि जानलेवा साबित हो सकता है उसके उपचार के लिए एंफोटरइसिन इंजेक्शन लाइको सोमल(amphotericin lycosomal) बाजार में ढूंढने से भी नहीं मिल रहा है! प्लेन एंफोटरइसिन का रोल इतना प्रभावशाली नहीं है, जितना कि लाइको सोमल का है। यह बात डॉ शरद साहू ने बताई। प्रयाग केमिस्ट एसोसिएशन के अध्यक्ष लालू मित्तल ने इस पर जवाब दिया की यह इंजेक्शन बहुत कम बिका करता था ,दुकानदार बहुत कम संख्या में इसको खरीद कर रखते थे ,उसके बाद भी यह इस्तेमाल ना होकर एक्सपायर हो जाया करता था, अभी निजी अस्पतालों में भर्ती मरीज को एक ही मरीज को 40 वायल लग रहे हैं जिसके कारण यह शार्ट हो गया है। मंडल प्रभारी सुशांत केसरवानी ने कॉल्विन अस्पताल में कोविड-19 वैक्सीन लेने वालों के बीच में अव्यवस्था ,अफरा तफरी और पुलिस के लाठी भांजनी को निंदनीय बताया। सिविल लाइंस व्यापार मंडल के पदाधिकारियों नीरज जायसवाल ,अवंतिका टंडन, अमित सिंह बबलू ,उमंग ग्रोवर पिंटू वीर, ने सरकार द्वारा शराब की दुकान खोले जाने पर घोर आपत्ति जताई और सरकार से मांग की कि अन्य व्यापार रेस्टोरेंट्स जूते चप्पल कपड़ों की भी दुकानें खुलने दें। क्या शराब एसेंशियल कमोडिटी में आता है।




