बढ़ाये गये वाटर टैक्स को वापस लेने एवं नया स्लैब रेट बनाने के बाद वाटर टैक्स वसूली की मांग को लेकर पार्षदों पूर्व पार्षदों ने महाप्रबंधक जलकल विभाग का घेराव किया

(अनुराग शुक्ला) प्रयागराज (अनुराग दर्शन समाचार)। आज सर्वदलीय पार्षद पूर्व पार्षद संघर्ष समिति नगरनिगम के तत्वावधान में पार्षदों एवं पूर्व पार्षदों ने जलकल विभाग नगर निगम प़़यागराज के महाप्रबंधक कार्यालय में महाप्रबंधक हरिश्चंद्र वाल्मीकि को बढ़ाये गये वाटर टैक्स को वापस लेने। नया स्लैब रेट लागू गृह मूल्यांकन 2014-15 के अनुसार बनाने के उपरांत ही वाटर टैक्स की वसूली करने तथा बकाये पर कोरोना काल में सभी का ब्याज माफ करने की मांग को लेकर घेराव किया गया । पूर्व वरिष्ठ पार्षद शिवसेवक सिंह ने महाप्रबंधक को अवगत कराया कि 04 जून 2021 को सर्वदलीय पार्षद पूर्व पार्षद संघर्ष समिति के प्रतिनिधि मंडल ने आपको ज्ञापन देकर लागू गृह मूल्यांकन 2014-15 के अनुसार नया स्लैब रेट बनाकर वाटर टैक्स निर्धारित करने की मांग की थी। 11 जून 2021 को पार्षदों ने नया स्लैब रेट बनाने के लिए नगरनिगम सदन में आवाज उठाया किंतु जलकल विभाग ने अपने चहेते पार्षदों के माध्यम से अपनी इच्छानुसार स्लैब रेट बनवाना चाहते थे जिसके कारण आम सहमति नहीं बनी और फिर पुनः नया स्लैब बनाने का पहल नहीं किया और कोरोना काल में मनमाने ढंग से जबरदस्ती पिछले साल की तरह वाटर टैक्स में वृद्धि करके नियम विरुद्ध वसुली की जा रही है । नियम विरुद्ध बढ़ाये गये वाटर टैक्स को वापस लिया जाए । नया स्लैब रेट अतिशीघ्र बनाकर तदनुसार वाटर टैक्स की वसूली प्रारम्भ किया जाय । क्योंकि वर्तमान समय में जिस 25 वर्ष पुराने स्लैब रेट और वर्ष 2014 के गृह मूल्यांकन के अनुसार वाटर टैक्स लागू करने पर कमजोर वर्ग के अल्प आय वाले E W S कालोनी के मकानों का वाटर टैक्स और बड़े बड़े भवनों का वाटर टैक्स एक समान हो गया है। EWS कालोनी के भवन का गृह मूल्यांकन मिनिमम 8000 के ऊपर निर्धारित है । इनका स्लैब रेट 01 से 360 ,361से 2000, 2001 से 3500 ,3501 से 5000 , 5000 से
अधिक पांच श्रेणी में सभी भवनों को बांट कर वाटर टैक्स लिया जा रहा है । जिसमें दो लाख आवासीय भवनों में चार श्रेणी के स्लैब रेट में केवल साठ हजार 60000 मकान है और अंतिम श्रेणी वाले एक कटेगरी में एक लाख चालीस हजार 140000 मकान है । विसंगतियां बहुत ज्यादा है । महाप्रबंधक ने कहा वाटर टैक्स में विसंगति है। उन्होंने कहा कि नगर आयुक्त जी बाहर हैं । जैसे ही आ जायेगें उनसे इस सम्बंध में वार्ता करेगें तद्नुसार कार्यवाही करेंगे ।इस समय वाटर टैक्स की वसूली महापौर और नगर आयुक्त के निर्देश पर ही किया जा रहा है । पार्षदों एवं पूर्व पार्षदों ने सभी भवन स्वामियों से नियम विरुद्ध बढ़ाये गये वाटर टैक्स को न जमा करने की
अपील की है और बढ़े वाटर टैक्स के विरोध में आवाज उठाने की अपील की है । महाप्रबंधक के घेराव और वार्ता में मुख्य रूप से पूर्व वरिष्ठ पार्षद शिवसेवक सिंह वरिष्ठ पार्षद अशोक सिंह कमलेश सिंह आनंद घिल्डियाल अनीश अहमद , सुशील कुमार , पूर्व पार्षद चंद्र प्रकाश गंगा , बखत राम , अशोक कुमार , दिनेश कुमार गुप्ता छेदी रंजन कुमार आदि उपस्थित थे।




