मुख्यमंत्री आवास के सामने जाकर अपने आप को गोली मार लूं ?- महंत बजरंग मुनि उदासीन

जो भी हिन्दू आश्रम मे आता है उसके ऊपर 107/116 हो जाता है
खैराबाद सीतापुर (अनुराग दर्शन समाचार )। आज महंत बजरंग मुनि उदासीन मीडिया से बात करते हुए बताया कि हमारे ऊपर पिछले कई बार हमले हो चुके हैं पर यहां की शासन और प्रशासन द्वारा सुरक्षा में लगाए गए सुरक्षाकर्मी के रहते हुए भी हमारे ऊपर हमले हो रहे हैं जो सरकार के सुरक्षा पर प्रश्नचिन्ह लगाता है उन्होंने माननीय मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जो खुद एक संत और पीठाधीश्वर है महंत बजरंग मुनि उदासीन कहा मैं अब मेरे पास आखरी रास्ता बचा है । कि मैं आप सभी सनातनियों को सूचित करना चाहता हूँ कि प्रशासन के द्वारा मेरे ऊपर लगातार इस विकलांग अवस्था मे भी विभिन्न तरीके से दवाब बनाया जा रहा हैं कि मैं खैराबाद छोड़ दू । इसी क्रम में मेरे ऊपर 1 साल के अंदर 8 बार 107/116 किया गया। जो भी हिन्दू आश्रम आता है उसके ऊपर 107/116 हो जा रही है । प्रशासन के द्वारा मुझे मानसिक रूप से बहुत प्रताड़ित किया जा रहा है।आजतक मुझे कुछ मिला प्रशासन के द्वारा तो सिर्फ 107/116 और सोचने का विषय इस अपंग अवस्था मे भी नही छोड़ रहे। मैं आप सभी सनातनियों को सूचित करना चाहता हूँ कि अगर मेरी हत्या या मेरी मौत हार्ट अटैक से भी होती है तो उसमें कुछ अधिकारियों की महत्वपूर्ण भूमिका रहेगी! इतनी सुरक्षा के बाद भी जब मेरे ऊपर हमले की कोशिश की जा रही थी।व जिसने मेरा गला काटने की कोशिश की थी। परवेज आजतक गिरफ्तार नही हुआ व कुछ दिन पहिले हमारी रेकी कर रहा था।इसी कारण मैंने एक प्राइवेट गनर रखा था। अपनी सुरक्षा के लिए उसे प्रशासन के द्वारा बुरी तरह मारा पीटा गया और धमकाया गया । उसका दोष सिर्फ इतना था कि 5 तारीख को BCM चौराहा पर मेरे ऊपर जो हमला हुआ था उसमे उसने मुझे बचा लिया था। वह प्रशासन से भयभीत होकर वह चला गया। आज तक मुझे शस्त्र लाइसेंस नही दिया जा रहा।शायद मेरी हत्या के उपरांत दिया जाए। आप सभी के हाथ मे निर्णय है कि मुझे क्या करना चाहिए! क्या मैं इस विकलांग अवस्था में सबके चक्कर लगाता रहा हूँ, क्या कोई जिम्मेदार अधिकारी लिखकर देगा कि 8 बार हमले के बाद अब मेरे ऊपर हमला नही होगा,क्योकि 307 का आरोपी परवेज आज भी बाहर घूम रहा हैं,वैसे भी आप सभी जानते है कितनी बार प्रार्थना पत्र दिया जा चुका है 2 साल से, लिखकर देने की बात 5 तारीख को मेरे मांग पत्र को रिसीव करके कहाँ गया था कि एक हफ्ते में सारी मांगे पूरी कर दी जाएंगी। हर बार यही कहां जाता है इतनी सुरक्षा दी हैं यही तो सबसे बड़ी चिंता का विषय है। इतनी सुरक्षा के बाद भी हम सुरक्षित नही। मेरे ऊपर पहली बार हमला हुआ तब कहाँ गया अब कुछ नही होगा। दुबारा हुआ तब कहाँ गया अब कुछ नही होगा। तीसरी बार मुस्लिम युवक फर्जी हिन्दू नाम बता के आश्रम में घुसकर हमला किया तब कहाँ गया कुछ नही होगा। 16 फरवरी को मुझे चाकूओं से गोंद दिया गया माई की कृपा से मेरे प्राण किसी तरह बचे परन्तु आज भी अपंग अवस्था में हु फिर कहाँ गया अब कुछ नही होगा। फिर 307 के आरोपी द्वारा रेकी की जा रही थी तब बताया गया अब कुछ नही होगा वो अभी तक गिरफ्तार भी नही है। फिर बीच चौराहा पर 5 तारीख को हमला हो जाता है तब बताया गया अब कुछ नही होगा अब मेरे पास सिर्फ एक रास्ता है कि मुख्यमंत्री आवास के सामने जाकर अपने आपको गोली मार लू।



