किन्नर अखाडा की आचार्य महामंडलेश्वर को मातृशोक, दी श्रदांजलि

(अनुराग शुक्ला) प्रयागराज (अनुराग दर्शन समाचार)। किन्नर अखाडा की आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी लक्ष्मी नारायण त्रिपाठी महराज की माता श्रीमती विधावती चन्द्रदेव त्रिपाठी (75)का निधन शनिवार को थाणे मे हो गया। उनका अंतिम संस्कार थाणे श्मशानघाट पर किया गया। वह अपने पीछे एक पुत्र, दो पुत्रियों सहित भरा पूरा परिवार छोड गयी है। आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी लक्ष्मी नारायण त्रिपाठी मूलत: गोरखपुर के बांसगांव के रहने वाले है। तीर्थराज प्रयागराज कुंभ -2019 में श्रीमती विधावती त्रिपाठी आई थी और कल्पवास किया था। वह धार्मिक प्रवृति की सामाजिक महिला थी। किन्नर अखाड़ा की उप्र प्रदेश अध्यक्ष महामंडलेश्वर स्वामी कौशल्यानंद गिरि (टीना मा)की अध्यक्षता मे बैरहना स्थित आवास पर हुई। उन्होंने शोक व्यक्त करते हुए आत्मा की शांति के लिये ईश्वर से प्रार्थना किया और परिजनों को दु:ख सहन करने की ईश्वर से शक्ति देने की प्रार्थना की। शोक सभा मे किन्नर अखाडा की शोभा, नैना, परी, मनीषा, राधिका, प्रिया सहित अन्य लोग थे। हाईकोर्ट के अधिवक्ता अभिषेक त्रिपाठी टिंकू की अध्यक्षता मे टैगोर टाउन मे शोक सभा हुई। सभी ने शोक व्यक्त करते हुए आत्मा की शांति के लिये ईश्वर से प्रार्थना किया। शोक सभा में पूर्व प्रधान श्रीमती रूचि तिवारी, अजय कुमार शुक्ला, पमपम पाण्डेय मेजा सहित अन्य लोग थे।हरिश्याम मानव कल्याण शिक्षा एवं शोध संस्थान अम्बेडकर विहार चौफटका मे शोक सभा हुई। वक्ताओं ने शोक व्यक्त करते हुए आत्मा की शांति के लिये ईश्वर से प्रार्थना की। शोक सभा में पूर्व अपर आयुक्त कृष्ण चन्द्र, जितेन्द्र कुमार, संस्था की उपाध्यक्ष / एपीएस की प्रधानाचार्या श्रीमती अमिता मिश्रा, पंकज दीक्षित, शिक्षक नेता डा हरिप्रकाश यादव, विजय यादव,डा ज्ञानप्रकाश सिंह, यशवंत चौधरी,अमरेन्द्र सिंह, विजय सिंह सहित अन्य लोग थे।


