माघ मेला में कोरोना की लहर को देखते हुए मेला अधिकारी ने जारी की एडवाइजरी

प्रयागराज (अनुराग दर्शन समाचार )। संगम नगरी प्रयागराज में हर साल माघ के महीने में गंगा-यमुना और अदृश्य सरस्वती की त्रिवेणी के तट पर लगने वाले आस्था के सबसे बड़े मेले के आयोजन पर भी कोरोना के नए वैरिएंट ओमीक्रोन के संक्रमण का खतरा मंडराने लगा है। कोरोना के नए वैरीएंट ओमीक्रोन के खतरे को देखते हुए माघ मेला प्रशासन भी अलर्ट हो गया है। कोविड की थर्ड वेब की आशंका को देखते हुए माघ मेले में आने वाले श्रद्धालुओं, साधु-संतों और कल्पवासियों के लिए कोविड वैक्सीन की दोनों डोज के वैक्सीनेशन का सर्टिफिकेट या फिर 72 घंटे पहले की आरटीपीसीआर रिपोर्ट लाना अनिवार्य कर दिया गया है। वहीं माघ मेले के सभी 15 एंट्री प्वाइंटस पर भी कोविड टेस्ट कराया जा रहा है। अभी मेले में प्रति दिन एक हजार लोगों का कोविड टेस्ट कराया जा रहा है। इसके साथ ही मेला क्षेत्र में वैक्सीनेशन की भी शुरुआत कर दी गई है. हालांकि राहत की बात ये है कि अभी मेला क्षेत्र में कोई भी व्यक्ति कोविड पॉजिटिव नहीं मिला है। मेला अधिकारी शेष मणि पांडेय के मुताबिक हर इंट्री गेट पर कोविड जांच की व्यवस्था की गई है। यहां आने वाले श्रद्धालुओं साधु-संतों और कल्पवासियों की थर्मल स्क्रीनिंग और कोविड जांच भी करायी जाएगी. इसके साथ ही साथ मेले में वैक्सीनेशन सेंटर भी बनाया गया है. जहां पर जिन लोगों ने अब तक वैक्सीन नहीं लगवाई है, वह लोग यहां पर वैक्सीन लगवा रहे हैं। मेला अधिकारी के मुताबिक माघ मेले में कोविड प्रोटोकॉल का सख्ती से पालन कराया जाएगा. उन्होंने कहा है कि मेले में कोविड टेस्ट और वैक्सीनेशन की मोबाइल टीमें भी मौजूद रहेंगी. जो कि कैंपों में जाकर कोविड की जांच करेगी। मेला अधिकारी शेषमणि पांडेय ने बताया कि मेले में आने वाले साधु- संतों और संस्थाओं के साथ बैठक कर एडवाइजरी जारी कर दी गई है। मेले में जो लोग भी आ रहे हैं कोविड वैक्सीन की दोनों डोज का वैक्सीनेशन सर्टिफिकेट लेकर जरूर आयें और अनिवार्य रूप से मास्क का भी प्रयोग करें।


