पलक महाराज को तांत्रिक क्रिया से बाहर निकालने के लिए हरदा ले जाना चाहती थी

( विनय शुक्ला )इंदौर (अनुराग दर्शन समाचार ) । शहर के चर्चित उदयसिंह देशमुख उफ भय्यू महाराज खुदकुशी कांड में एक रहस्य यह भी सामने आया है कि आरोपी पलक का मानना था कि महाराज को उनकी पत्नी आयुषी ने तांत्रिक क्रिया के जरिए बस में कर रखा है। इसलिए वह महाराज को तंत्र क्रिया से बाहर निकालने के लिए हरदा ले जाना चाहती थी। उसका कहना था कि अगर महाराज को तंत्र क्रिया से नहीं हटाया तो वह खुद को खत्म कर लेंगे। यह रहस्योदघाटन बचाव पख की ओर से प्रस्तुत गवाह प्रवीण घाटगे ने कोर्ट में बयान देते हुए कही थी। गौरतलब है कि भय्यू महाराज खुदकुशी कांड में जेल में बंद महाराज के अति करीबी तीनों आरोपियों विनायक दुधाड़े, पलक पोराणिक व शरद देशमुख को जिला कोर्ट ने शुक्रवार फैसला सुनाते हुए छह-छह वर्ष की कैद की सजा सुनाई है। महाराज द्वारा 12 जून 2018 को रिवाल्वर से कनपटी पर गोली मारकर आत्महत्या करने के छह माह बाद 18 जनवरी 2019 महाराज को खुदकुशी के लिए उत्प्रेरित करने के आरोप में तीनों आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया था। तभी से तीनों जेल में थे। खुदकुशी कांड की ट्रायल में अभियोजन पक्ष 32 गवाह कराए थे और बचाव पक्ष की ओर से एडवोकेट धर्मेन्द्र गुर्जर ने अलग से तीन गवाहों प्रवीण घाटगे, शशी देशमुख व शरद शेवालकर को कोर्ट में पेश किया था। इनमें शरद शेवालकर व शशी देशमुख महाराज के ड्राइवर थे जबकि प्रवीण घाटगे सेवादार था। बचाव पक्ष के गवहा प्रवीण घाटगे ने कोर्ट में बयान देते हुए कहा था कि वह पलक व पलक के जीजू पीयूष के बीच बातचीत सुनता था। पलक कहती है कि आयुषी ने महाराज तगड़ा खर्च तांत्रिक क्रिया से बस में कर रखा है। इसीलिए महाराज के धर की साफ सफाई में हलदी, साबुन आदि मिलते हैं। पलक कहती थीं कि वह चाहती हैं कि महाराज तंत्र क्रिया से मुक्त कराने के लिए हरदा ले चलना पड़ेगा। अगर महाराज के तंत्र क्रिया कर आयुषी के वश से नहीं हटाया गया तो वह खुद को समाप्त कर लेंगे। महाराज के बचपन के साथी मनोहर ने बयान में कहा कि पलक को जब आयुषी से महाराज की शादी का पता चला तो उसने काफी हंगामा किया था। यह बात उसे महाराज की बहन मधुमति ने बताई थी। महाराज की बात जब भी पलक से होती थी तब वे तनाव में आ जाते थे। इसी टेंशन के कारण महाराज को नींद नहीं आती थी। पलक, विनायक व शरद हर माह महाराज को ब्लैकमेल करते हुए पैसा वसूलते थे। प्रकरण की ट्रायल में महाराज के बचपन के साथी मनोहर से एक आरोपी के वकील ने क्रास में पूछा था कि क्या महाराज से अन्य महिलाओं के संबंध हैं। इस पर उसने कहा था कि उसे ज्यादा पता नहीं। इतना पता है कि एक अभिनेत्री महाराज से मिलने आती थी और वह उसका खाना लेकर जाता था। हालांकि महाराज से महिलाओं से संबंध के बारे में कोर्ट फैसले में कोई उल्लेख नहीं है। प्रकरण की ट्रायल के दौरान पुलिस ने कोर्ट में पेश की थी। इसमें अधिकांश में पलक व पलक के जीजा पीयूष के बीच बातचीत के अंश है। इसमें एक चेटिंग में महाराज की मौत के बाद पलक यह कहते हुए सुना गया कि मेरा पति मर गया। हालांकि कोर्ट ने फैसले में इसका उल्लेख नहीं किया है। गवाह प्रवीण घाटगे ने बयान में यह भी कहा था कि आयुषी से महाराज की शादी के बाद आयुषी व महाराज की बेटी कुहू के बीच तगड़ा झगड़ा होता था। कुहू शादी से नाराज थी। दोनों ने अस्तित्व का प्रश्न बना लिया था कि महाराज के साथ कुहू रहेगी या आयुषी के साथ रहेगी। यही कारण है कि जब कुहू इंदौर में होती थी तब आयुषी घर नहीं रहती थी। कुहू के जाते ही आयुषी घर आ जाती थी। इस कारण महाराज जी चाहते थे कि कुहू और आयुषी घर में साथ नहीं रहें।



