माहे रमज़ान के आखरी जुमा पर यौमे क़ुद्स दिवस पर होगा बैतुल मुक़द्दस की आज़ादी और इस्राईली आतंकवाद का ऑनलाईन विरोध

( अनुराग शुक्ला ) प्रयागराज (अनुराग दर्शन समाचार )। माहे रमज़ान के आखरी जुमा जुमम्तुल विदा को प्रत्येक वर्षों की भांति इस वर्ष भी विश्व क़ुद्स दिवस के मौक़े पर कोरोना संक्रमण को देखते हुए बाद नमाज़ ए जुमा अपने अपने घरों से इस्राईल की बर्बरता के खिलाफ और बैतुल मुक़द्दस की आज़ादी के लिए ओलमाओं ने घरों मे रहकर विरोध दर्ज कराने की अपील की है।मदरसा अनवारुल उलूम के प्रधानाचार्य व शिया धर्म गुरु मौलाना जवादुल हैदर रिज़वी ने 7 मई शुक्रवार को जुमत्तुल विदा के मौक़े पर अन्तराष्ट्रीय क़ुद्स दिवस पर मरजईयत की आवाज़ पर लब्बैक कहते हुए अपनी दीनी व समाजिक फरीज़े को कोरोना संक्रमण को दृष्टि मे रखते हुए अपने अपने घरों से विरोध स्वरुप बाँहों मे काली पट्टी बाँध कर विरोध दर्ज कराने की अपील की।कहा विरोध की फोटो और वीडियो को सोशल साईट पर अपलोड कर इस्राइली आतंकवाद का विरोध और बैतुल मुक़द्दस की आज़ादी को संयुक्त राष्ट्र कार्यालय तक पहोँचा कर ज़िन्दा और अमन पसन्द होने का सबूत पेश करें।उम्मुल बनीन सोसाईटी के महासचिव सै०मो०अस्करी,मस्जिद क़ाज़ी साहब के मुतावल्ली शाहरुक़ क़ाज़ी,मस्जिदे खदीजा करैली के हसन आमिर,शिया करबला कमेटी के नायब सद्र शाहिद अब्बास रिज़वी,अन्जुमन नक़विया रजिस्टर्ड के रौनक़ सफीपुरी,हसन नक़वी,मस्जिद गदा हुसैन के नायब मुतावल्ली शाहरुक़ हुसैनी आदि ने भी अहले इसलाम से मज़हबे इसलाम का पहला क़िबला बैतुल मुक़द्दस की आज़ादी व इस्राइली आतंकवाद का विरोध घरों मे रहकर विभिन्न तरीक़े से करने और वैश्विक शक्तियों को इसका ऐहसास कराने को जुम्मतुल विदा के दिन अन्तराष्ट्रीय यौमे क़ुद्स पर शान्तिपूर्वक विरोध करने की अपील की।




