नैनी जेल के दो कैदियों की इलाज के दौरान मौत

एक को आजीवन कारावास तो दूसरा था अंडर ट्रायल
प्रयागराज (अनुराग दर्शन समाचार)। केन्द्रीय कारागार (सेंट्रल जेल, नैनी) के दो बंदियों की इलाज के दौरान एसआरएन अस्पताल में मौत हो गई। मृतकों में एक को आजीवन कारावास की सजा हुई थी, तो एक अंडर ट्रायल था। जेल प्रशासन ने मृतक के घर वालों को सूचना दे दी है।
नैनी सेंट्रल जेल में बंद बृजेश सिंह (56 वर्ष) पुत्र रामऔतार निवासी जगतपुर भिचकौरा, लालगंज रायबरेली को दुराचार के मामले में 10 सितंबर 2006 को सेंट्रल जेल में दाखिल कराया गया था। बृजेश कई बीमारियों से ग्रसित था। 08 जनवरी से 11 जनवरी 2021 तक जेल अस्पताल में उसका इलाज चला। 11 जनवरी को ही उसकी हालत ज्यादा खराब हो गई। जिसके बाद उसे एसआरएन अस्पताल रेफर कर दिया गया। वहां बुधवार देर रात उसकी मौत हो गई। डीआईजी जेल पीएन पाण्डेय ने बताया कि मृतक के घर वालों को सूचना दे दी गई है।
डीआईजी जेल ने बताया कि बृजेश के अलावा एक अन्य हनुमानगंज अहिरन पुरवा, थाना रैपुरा जिला चित्रकूट का रहने वाला अंडर ट्रायल कैदी बब्लू उर्फ पुखरिया कोल (45 वर्ष) पुत्र कल्लू कोल की भी स्वरूपरानी अस्पताल में गुरुवार की भोर इलाज के दौरान मौत हो गई। बब्लू को 27 सितंबर 2015 को जेल में दाखिल कराया गया था। उसके ऊपर धारा 372 आईपीसी का चार्ज था। 12 जनवरी को उसे अचानक से चक्कर आया और वह बेहोश हो गया। कारागार के चिकित्साधीक्षक डॉ. वेदप्रकाश चंद ने उनका परीक्षण किया। उसका इलाज चल रहा था। गुरुवार भोर में उसने दम तोड़ दिया।


