फैशन डिजाइनिंग लोकप्रिय व्यवसाय इसमे संवारे कॅरियर-डा.मनीषा द्विवेदी
इलाहाबाद। एन०सी०ज़ेड०सी०सी० के सभागार में, रूचीज़ इन्स्टीट्यूट आॅफ क्रियेटिव आर्टस के छात्र-छात्राओं द्वारा डेढ़ घंटे के अनवरत गारमेन्ट प्रेजेन्टेशन में, लगभग 250 से भी अधिक डिजाइनर वस्त्रों का प्रदर्शन रैम्प पर किया गया।

वार्षिक सूचना पत्रिका-2018‘ का विमोचन
कार्यक्रम का शुभारम्भ मुख्य अतिथि डा. मनीषा द्विवेदी, एम०डी० डी०एम० विभागाध्यक्ष, डिपार्टमेंट ऑफ़ मेडिसिन, मोती लाल नेहरू मेडिकल कालेज इलाहाबाद के करकमलों द्वारा पारम्परिक रूप से द्वीप प्रज्जवलित कर किया गया। साथ ही विगत 28 वर्षो से कौशल दक्षता के रोजगारपरक व्यवसायिक शिक्षा का प्रशिक्षण प्रदान करने वाली रिका संस्थान की वर्ष भर की समस्त गतिविधियों से सम्बन्धित ‘वार्षिक सूचना पत्रिका-2018‘ का विमोचन भी किया गया। तत्पश्चात् डा. विवेक कुमार मिश्रा, अपर मुख्य चिकित्साधिकारी इलाहाबाद ने मुख्य अतिथि का परिचय उपस्थित सभी अतिथियों से कराया।

बेहतरीन प्रस्तुति सबने सराहा
प्रथम प्रस्तुति में अर्शमा एवं आकांक्षा द्वारा बनाये रिबन वर्क से सुसज्जित, मैरून व गोल्डेन रंग के आकर्षक वस्त्रों का प्रदर्शन कैट-वाक करते हुए 8 माडलों द्वारा किया गया। दूसरी में सिल्क धागे व ज्वेलरी जड़ित विभिन्न प्रकार के डिजाइनर ब्लाउज के साथ काले रंग की साड़ियों को विभिन्न तरीकों से पहनकर प्रस्तुत किया गया। विद्यार्थियों द्वारा डिजाइन किये गये स्वनिर्मित वस्त्रों में हरे, गुलाबी, लाल रंग के नेट पर कढ़ाईदार झालरदार, पैच वर्क एवं लेस से युक्त व काले रंग के आकर्षक फूलों से सुसज्जित, गाउन की अगली प्रस्तुति की गयी। चैथी प्रस्तुति में टेक्सटाइल डिजाइन की छात्राओं द्वारा, ब्लाॅक व स्क्रीन प्रिन्ट किये गये, काॅटन-कोटा साड़ी के मनमोहक संग्रह का, प्रदर्शन किया गया।

आकर्षण का केंद्र रहीं अमृता ऋचा का कलेक्शन
अगली प्रस्तुति में अमृता एवं रिचा द्वारा डिजाइन किए गये वस्त्र, अद्वितीय शेड्स में, हाथो की कढ़ाई के, रचनात्मक फीतों से सुसज्जित सेमी-फारमल वस्त्र, जोकि भारतीय पाश्चात्य की झलक प्रस्तुत कर रहे थे, आकर्षण का केन्द्र रहें। छठवीं प्रस्तुति में फैशन डिजाइनिंग प्रथम वर्ष के विद्यार्थियों द्वारा टाई एण्ड डाई किये गये कैजुवल एवं स्पोर्टी वियर पोशाकों का सुन्दर संग्रह रैम्प प्रस्तुत किया गया।

आकाश और अंशिका को मिली सराहना
तत्पश्चात् आकाश एवं अंशिका द्वारा रचित टोपी एवं छड़ी के साथ लाल एवं काले रंग के संयोजन के मनमोहक पोशाकों की प्रस्तुति हुई। इसके बाद नेहा व मधु द्वारा डिजाइनिंग किये गये, स्वर्णिम व काले रंग के पारम्परिक लहॅंगे एवं साड़ियों की प्रस्तुति की गई। वर्ली शीर्षक पर आधारित महाराष्ट्रीयन लोक कला की झलक दर्शाते, नीले, हरे, सफेद व काले रंग के अत्यंत मनोहारी पोशाक फैशन टेक्नोलाॅजी के विद्यार्थियों द्वारा अगली प्रस्तुति में दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर गये।
शिवाली, रीना व निकिता के ग्रुप ने मन मोहा
दसवीं प्रस्तुति में शिवाली, रीना व निकिता के ग्रुप द्वारा रचित लम्बे स्कर्ट, प्लाजोस सलवार व गाउन जोकि भारतीय पाश्चात्य की झलक दर्शा रहे थे, दर्शक दीर्घा में आकर्षण का केन्द्र बने। फिर विभिन्न प्रकार के धागों से सुसज्जित लाल रंग के जैकेट्स के साथ काले रंग के ट्राउजर्स का मनोहारी प्रदर्शन फैशन डिजाइनिंग द्वितीय वर्ष के छात्र-छात्राओं द्वारा रैम्प पर किया गया। तदोपरांत विभा एवं रीना द्वारा तैयार किये गये फीते व पैचवर्क से सुसज्जित काॅपर व समुद्री हरे रंग के आकर्षक डिजाइन के पंजाबी पोशाक दर्शकों को बहुत ही मनमोहक लगे।
रूचीज इन्स्टीट्यूट के छात्र-छात्राओं की प्रस्तुति
अगली प्रस्तुति में रूचीज इन्स्टीट्यूट के छात्र-छात्राओं द्वारा डिजाइन किये गये तथा ‘माँ नही तो बेटी नही‘, ‘बेटी नही तो बेटा नही‘, ‘होगा देश महान जब शिक्षित होगा हर इंसान‘ व ‘चलो पढ़ायें कुछ कर दिखायें‘ जैसे आदर्श वाक्याशों को दर्शाते, काफ्तान कढ़ाई युक्त टाॅप्स के साथ काले व नीले रंग के लोवर को पहनकर बिशन चन्द्र मीतल स्मारक सांयकालीन विद्यालय के छोटे बच्चों ने रैम्प पर मनोहारी प्रदर्शन किया जोकि उनके अनुशासन, आपसी सामंजस्य एवं दृढ़ विश्वास को दर्शा रहे थे।
पंजाबी लुक प्रदर्शित
इसी क्रम में पंजाबी लुक प्रदर्शित करते पगड़ी के साथ हाथ से ब्लाॅक प्रिन्ट किये हुए कुर्तो के संग्रह ने तालियों की गूंज के साथ दर्शक दीर्घा में हलचल मचा दी। फैशन डिजाइनिंग की छात्रायें लाल रंग के जैकेट्स में रैम्प पर आते ही तूफान मचाते हुए सभी को आश्चर्यचकित कर दी। अंतिम प्रस्तुति में सौम्या व संगीता द्वारा रचित व वन्य जीव प्रिन्टेड, आकर्षक पोशाक भारतीय पाश्चात्य् का अनोखा मिश्रण प्रदर्शित कर गये।
इस बार की प्रस्तुति हर बार से काफी रचनात्मक
अंत में छात्र-छात्राओं को सम्बोधित करते हुए मुख्य अतिथि ने अपने वक्तव्य में कहा कि वे संस्थान के सभी गारमेन्ट प्रेजेन्टेशन में सम्मिलित रही परन्तु इस बार की प्रस्तुति हर बार से काफी रचनात्मक व अनोखी रही। साथ ही आपने कहा कि हर कोई इन युवा रचनाकारो से बहुत कुछ सीख सकता है। हमें तहे दिल से इनकी प्रंशसा करनी चाहिए।
कार्यक्रम के प्रारम्भ में प्रधानाचार्या डा0 रूचि मीतल संस्थान द्वारा संचालित कौशल विकास के रोजगारपरक विभिन्न पाठ्यक्रमों के बारे में जानकारी प्रदान की। श्री देवेन्द्र पाण्डेय ने कार्यक्रम का संचालन किया तथा अंत में अगन्तुक सभी अतिथियों को धन्यवाद ज्ञापन किया।
संगीत व मंच का प्रबन्धन सुनील पाण्डेय, प्रज्ञा मिश्रा, नितिका डे, लिलेश, राधेश्याम, नीरज, प्रदीप एवं रामसजीवन द्वारा किया गया।

